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कटरी में बनाए जा रहे थे अवैध असलाह, दो गिरफ्तार

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बदायूं पुलिस की गिरफ्त में अवैध असलाह बनाने के आरोपी। संवाद - फोटो : BADAUN
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सहसवान/ बदायूं। विधानसभा चुनाव नजदीक आने के साथ अवैध असलहों की मांग बढ़ गई है। सहसवान क्षेत्र के गांव सुकर्रा के पास गंगा की कटरी में अवैध शस्त्र फैक्ट्री चलाते गिरफ्तार दो हथियार तस्करों ने यह स्वीकार किया है कि चुनाव के कारण अवैध असलहों की मांग बढ़ गई है। तस्करों के पास से बड़ी संख्या में बने और अधबने असलहे बरामद हुए हैं। उनका एक साथी भागने में कामयाब भी हो गया। शस्त्र फैक्ट्री पकड़ने वाली पुलिस टीम को एसएसपी ने 15 हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की है।
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सहसवान क्षेत्र का गांव सुकर्रा गंगा का तटवर्ती है। आसपास गंगा की काफी कटरी है। हथियार फैक्ट्री चलाने वाले इसी कटरी का इस्तेमाल कर रहे हैं। एसएसपी डॉ. ओपी सिंह के मुताबिक सोमवार शाम पुलिस को सूचना मिली कि सुकर्रा गांव के जंगल में गंगा की कटरी में अवैध शस्त्र फैक्ट्री चल रही है। यहां से अवैध असलहों को सप्लाई करने की तैयारी है। सूचना के आधार पर पुलिस ने जंगल की घेराबंदी की, इसके बाद एक पुलिस टीम ग्राहक बनकर हथियारों का मोलभाव करने पहुंची। हथियार तस्करों ने हथियार दिखाए तभी पुलिस ने यहां से दो लोगों को दबोच लिया। इनके कब्जे से 10 तमंचा 315 बोर, एक तमंचा 12 बोर, तीन अधबने तमंचे, तीन जीवित कारतूस बरामद हुए। गिरफ्तार हथियार तस्करों ने अपने नाम यामीन निवासी वसौलिया और गेंदनलाल निवासी कोल्हार थाना सहसवान बताए। इनका एक साथी कामिल निवासी वसौलिया भागने में कामयाब हो गया। मौके से हथियार बनाने के उपकरण भी बरामद हुए।
गिरफ्तार तस्करों ने बताया कि वह इससे पहले कासगंज क्षेत्र में गंगा के टापू पर शस्त्र फैक्ट्री चलाते थे। पिछले दिनों गंगा में बाढ़ आने के शस्त्र फैक्ट्री सुकर्रा की कटरी में शुरू की थी। विधानसभा चुनाव नजदीक आने के बाद से अवैध शस्त्रों की काफी मांग बढ़ती जा रही है। एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा ने बताया कि चुनाव में शराब व असलहों की खरीद फरोख्त बढ़ जाती है। ऐसे तस्करों की धरपकड़ को नियमित अभियान जारी रहेगा।
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