बदायूं। स्वास्थ्य विभाग में मंगलवार दोपहर अचानक कामकाज ठप हो गया। जब मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. रामेश्वर मिश्रा के साथ-साथ सभी एसीएमओ अपने कक्षों से नदारद मिले। अफसरों के न मिलने से विभाग में कई कर्मचारियों की मौजूदगी भी बेहद कम रही। अचानक अफसरों और कर्मचारियों की गैरहाजिरी से वहां पहुंचे लोगों में भारी नाराजगी देखने को मिली।
मंगलवार दोपहर में जब लोग अपने काम को लेकर जिला स्वास्थ्य कार्यालय पहुंचे, तो उन्हें अधिकांश कक्ष बंद मिले। सीएमओ अपने कक्ष में नहीं थे। कुछ लोग बैठे थे। उन्होंने बताया कि सीएमओ एक कार्यक्रम में गए हुए हैं। यहीं हाल एसीएमओ कार्यालयों का भी रहा। परिसर में पहुंचे ग्रामीण, स्वास्थ्यकर्मी और विभिन्न योजनाओं से जुड़े लोग अपने-अपने कार्यों के निस्तारण के लिए इंतजार करते रहे, लेकिन किसी भी अधिकारी के न लौटने से निराश होकर वापस जाना पड़ा।
लोगों का कहना था कि सरकारी कार्यालयों में समय से अधिकारियों का बैठना जरूरी है, क्योंकि ग्रामीण क्षेत्र से आने वालों को अपने काम के लिए कई-कई किलोमीटर का सफर तय करना पड़ता है।
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मैं एक कार्यक्रम में गया था। एसीएमओ डॉ. निरंजन एक जूम मीटिंग में व्यस्त थे। उनको अपने कक्ष में बैठाकर गया था। बाकी कोई नदारद नहीं था। फिर भी जानकारी करते हैं, सभी को अपने कक्ष में होना चाहिए।
डॉ. रामेश्वर मिश्रा, सीएमओ
सीएमओ कार्यालय में खाली पड़ा कर्मचारियों का कक्ष। संवाद
सीएमओ कार्यालय में खाली पड़ा कर्मचारियों का कक्ष। संवाद
सीएमओ कार्यालय में खाली पड़ा कर्मचारियों का कक्ष। संवाद
सीएमओ कार्यालय में खाली पड़ा कर्मचारियों का कक्ष। संवाद