बदायूं। थाना सिविल लाइन पुलिस ने 17 अप्रैल को अलापुर-बुधवाई रोड पर हुए चर्चित आतिफ हत्याकांड का अनावरण करते हुए 25 हजार रुपये के इनामी आरोपी को बृहस्पतिवार को की देर रात गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त तमंचा व कारतूस भी बरामद किए हैं।
सीओ सिटी रजनीश उपाध्याय ने बताया कि बीती 17 अप्रैल को अलापुर-बुधवाई रोड स्थित एक दुकान के सामने आतिफ नामक युवक को गोली मार दी गई थी। गंभीर रूप से घायल आतिफ को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां हालत नाजुक होने पर उसे बरेली रेफर किया गया, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद मृतक के पिता की तहरीर पर थाना सिविल लाइन में केस दर्ज किया गया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश पर गठित पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम ने मामले की जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने घटना से जुड़े लोगों से पूछताछ की, जिसमें चौंकाने वाले तथ्य सामने आए।
जांच में पता चला कि घटना के दिन आतिफ अपने परिचितों शिवम, प्रभात और अंशुल के साथ मौजूद था। इसी दौरान आरोपी रवि उर्फ रामसच्चे के पास मौजूद तमंचे को लेकर विवाद हो गया। तमंचा छीनने के प्रयास में आरोपी ने आतिफ को गोली मार दी। पुलिस ने आरोपी के पास से एक तमंचा, एक खोखा कारतूस, जिंदा कारतूस बरामद किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी पर पूर्व में भी कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें आर्म्स एक्ट सहित विभिन्न धाराएं शामिल हैं।
गुमराह करने की साजिश
घटना के बाद आरोपी ने खुद को बचाने के लिए घायल आतिफ को अस्पताल ले जाकर अपना नाम दर्ज कराया। इतना ही नहीं, रास्ते में वीडियो बनाकर अन्य लोगों के नाम भी जबरन बुलवाए, ताकि जांच को भटका सके।
इनामी अभियुक्त की गिरफ्तारी
पुलिस ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी रवि उर्फ रामसच्चे पुत्र जगपाल निवासी हरदोई को नामजद किया। उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।