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नौ बिजली उपकेंद्रों को स्वीकृति, ओवरलोडिंग की समस्या होगी खत्म

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बदायूं। आने वाले कुछ समय बाद जिले के बिजली उपकेंद्रों पर ओवरलोडिंग की समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी। पावर कॉरपोरेशन ने शासन को अगले पांच साल के लिहाज से 35 नए बिजली उपकेंद्रों का प्रस्ताव भेजा था। इनमें शासन ने नौ नए उपकेंद्रों की स्थापना को मंजूरी दे दी है। उपकेंद्रों के लिए जमीन तलाशने का काम शुरू हो गया है। कुछ के लिए जमीन मिल भी गई है।
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विद्युत वितरण खंड द्वितीय के तहत आने वाले दातागंज, विद्युत वितरण खंड तृतीय के तहत बिसौली और चतुर्थ के तहत सहसवान से जुड़े इलाकों में ओवरलोडिंग की काफी समस्या है। विद्युत वितरण खंड प्रथम का पनबड़िया, मीराजी चौक, ढाक बाकी ज्यारत, कचहरी और कोतवाली उपकेंद्र भी ओवर लोडिंग की समस्या का सामना कर रहे हैं। बिसौली में आसफपुर ब्लॉक, दातागंज में समरेर और सहसवान में दहगवां ब्लॉक के नाधा में ज्यादा समस्या है। लोवर लोडिंग के कारण कई बार बेवजह बिजली कटौती होती है। नए उपकेंद्र बनने के बाद ओवरलोडिंग की समस्या कम हो जाएगी।
पावर कॉरपोरशन ने इसमें सुधार के लिए 35 नए उपकेंद्रों का प्रस्ताव शासन को भेजा था। इनमें तकनीकी समीक्षा के बाद शासन स्तर से जिले में नौ बिजली उपकेंद्रों का रास्ता साफ हो गया है। बिसौली में मुसिया नगला, ललुआ नगला, राजथल, सरह बरौलिया में नए उपकेंद्र बनेंगे। बदायूं में छोटी ज्यारत, राजकीय मेडिकल कॉलेज, दातागंज तिराहा और नरऊ खुर्द और दातागंज के पापड़ में नए उपकेंद्रों को स्वीकृति मिली है। इनमें कुछ उपकेंद्रों के लिए जमीन चिह्नित करने का काम लगभग पूरा हो गया है। बाकी के लिए जमीन की तलाश की जा रही है।
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बिजली कटौती की गूंज विधानसभा तक, फिर भी सुधार नहीं
बदायूं। पूर्व राज्यमंत्री और सहसवान विधायक ओमकार सिंह ने विधानसभा क्षेत्र के जर्जर बिजली उपकेंद्रों का मुद्दा विधानसभा में उठाया। इससे पहले भी वह इस मुद्दे को उठा चुके हैं, लेकिन इलाके में सुधार के नाम पर अब तक कुछ नहीं हुआ है।
सहसवान विधायक ने इस्लामनगर, उघैती, जरीफनगर, रुदायन, खितौरा, दहगवां, नाधा और नाधा भूड़ में बिजली की समस्या को उठाते हुए कहा कि उपकेंद्रों की स्थिति जर्जर है। काफी समय से उपकेंद्रों की क्षमता में इजाफा भी नहीं किया गया है। बिजली कटौती के कारण इलाके के किसानों को काफी समस्या होती है। फसलों की सिंचाई और बुुआई प्रभावित होती है। विधायक ओमकार सिंह ने उपकेंद्रों की क्षमता वृद्धि की मांग की और जनहित में समस्या का जल्द निस्तारण कराने को कहा है।
नाधा उपकेंद्र के दो फीडर चालू ही नहीं हुए
नाधा। सहसवान के नाधा बिजली उपकेंद्र के पांच फीडर हैं। इनमें लंबे समय से के बाद भी दो फीडर चालू ही नहीं हो सके हैं। ऐसे में नाधा उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में बिजली कटौती की समस्या बनी रहती है। नाधा टाउन के 20 से ज्यादा गांवों का लोड भी इन्हीं तीन फीडरों पर डाल दिया गया है। ऐसे में यहां ओवर लोडिंग की समस्या बनी रहती है। नाधा बिजली उपकेंद्र के एसएसओ प्रताप सिंह ने बताया कि दोनों फीडरों को अभी चालू नहीं किया जा सका है।
पूरे जिले में बिजली व्यवस्था को लेकर सुधारात्मक कार्य होने हैं। जिले में 35 नए बिजली उपकेंद्रों की स्थापना का प्रस्ताव शासन को भेजा गया था। इनमें नौ उपकेंद्रों को स्वीकृति मिल गई है। नए उपकेंद्रों की स्थापना का काम जल्द चालू करा दिया जाएगा। जिन इलाकों में ओवरलोडिंग की समस्या है वहां भी यह समस्या जल्द दूर कर ली जाएगी। - दीपक कुमार, अधीक्षण अभियंता, पावर कॉरपोरेशन
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