दानिश ने दिल्ली से बहन और भाई के साथ भेजी सेल्फी।
- फोटो : BADAUN
बदायूं/बगरैन। आकाश गुप्ता की शनिवार को घर वापसी हो गई। आकाश गुप्ता खारकीव स्टेट मेडिकल यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस के छात्र हैं। कई दिन तक बंकर में शरण लेने के बाद आकाश किसी तरह से रोमानिया पहुंचे थे। आकाश ने अमर उजाला से बात करते हुए कठिन हालात बयां किए। बताया कि बम गिरा तो उनके आसपास की इमारतें हिल गई थीं। पहले से खतरा बताया गया था तो वह साथियों समेत बंकर में थे इसलिए बच गए।
आकाश मंगलवार को खारकीव से निकलने के लिए स्टेशन पहुंचे थे, लेकिन ट्रेन में भारी भीड़ होने के कारण उनको जगह नहीं मिली। उनको वापस बंकर में लौटना पड़ा। अगले दिन आकाश को ट्रेन मिल गई। वह किसी तरह से माइनस पांच डिग्री तापमान में रोमानिया पहुंचे। रोमानिया से आकाश ने शुक्रवार को उड़ान भरी थी। आकाश ने बताया कि खारकीव सामरिक रूप से रूस के निशाने पर था। 24 फरवरी से ही खारकीव पर हमले शुरू हो गए थे। कॉलेज के हॉस्टल से निकाल कर उनको बंकर में भेजा गया था। पिता के वह लगातार संपर्क मेें थे, खाने-पीने का सामान उनके पास पर्याप्त था। जब वह खारकीव से रोमानिया के लिए निकले तो कई बम और मिसाइल गिरते हुए उन्होंनें अपनी आंखों से देखे। वह बंकर में थे तो एक मिसाइल गिरने के साथ धमाका हुआ और दूर तक इमारतें हिल गईं। उनको डर भी लगा पर साथियों ने हिम्मत बंधाई।
आकाश ने बताया कठिन हालात थे, वह 15 साथियों के साथ निकले थे। जूनियर ज्यादा परेशान थे, उनको भी काफी तकलीफ हो रही थी, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी। लगातार पिता के संपर्क में रहे और पिता उनको ध्यान रखने के लिए बोल रहे थे। आकाश घर पहुंचे तो उनका फूल मालाओं से स्वागत किया गया। बिसौली से बगरैन तक कई जगह स्वागत हुआ, ढोल नगाड़े भी बजे। जब वह मां से मिले तो मां ने उनको भावुकता के साथ लगे लगा लिया।
बहन के घर दिल्ली पहुंचे दानिश
बदायूं। बिसौली के सीकरी निवासी दानिश यूक्रेन की खारकीव स्टेट मेडिकल यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस के छात्र हैं। दानिश के पिता सादिक सेना से रिटायर्ड हैं। दानिश शनिवार तड़के दिल्ली पहुंच गए। दिल्ली में दानिश की बहन रहती हैं। दानिश के पिता ने उनको युद्ध ग्रस्त इलाके से निकलने का तरीका बताया था। उसके बाद दानिश 46 अन्य छात्रों के साथ खारकीव से रोमानिया के लिए निकले थे। दानिश शनिवार तड़के दिल्ली पहुंच गए। पिता को उन्होंने बताया तो पिता की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। दानिश के पिता ने बताया कि रविवार शाम तक दानिश बदायूं आ जाएंगे।