दातागंज(बदायूं)। गंगा एक्सप्रेसवे पर ट्रक ने कार को टक्कर मार दी। शव लेकर बिहार जा रहे छह लोग घायल हो गए। वहीं, चालक ट्रक को लेकर भाग गया।
बिहार के छपरा निवासी रणजीत सिंह अपने साढू रंजीत को इलाज के लिए दिल्ली ले गए थे। इलाज के दौरान ही उनकी मौत हो गई। रणजीत अपने अन्य रिश्तेदारों के साथ शव कार से छपरा लेकर जा रहे थे। शनिवार तड़के करीब 3:00 बजे थाना हजरतपुर क्षेत्र के गांव नगरिया खनू और कुंद्रा मजरा के बीच गंगा एक्सप्रेसवे पर एक ट्रक ने उनकी कार को टक्कर मार दी। हादसे में कार में बैठे पांच लोग घायल हो गए।
सूचना पर एक्सप्रेसवे कंट्रोल रूम ने एम्बुलेंस भेजी। गंभीर रूप से घायल रणजीत सिंह (38), निकी कुमारी (32) पत्नी रणजीत सिंह, इंद्रजीत सिंह (32), अनिकेत (18) को दातागंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जाने दिया गया। कोतवाल हजरतपुर पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि दुर्घटना की कोई तहरीर नहीं मिली है। यदि तहरीर मिलती है तो विधिक कार्रवाई की जाएगी।
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तीन घंटे शव के साथ ही दुर्घटना स्थल पर ही रहा कार चालक घायल
हादसे में कार चालक रोहित मामूली रूप से घायल हुआ। वह लगभग तीन घंटे तक शव के साथ दुर्घटनास्थल पर ही मौजूद रहा। बाद में घायलों ने दूसरी गाड़ी का इंतजाम किया और शव को लेकर गंतव्य के लिए रवाना हो गए।
झपकी बनी दुर्घटना का कारण, डिवाइडर से टकराई कार
वजीरगंज। वजीरगंज क्षेत्र में गंगा एक्सप्रेसवे पर करकटपुर पुलिया के पास शनिवार तड़के चार बजे कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। पुलिस के मुताबिक, लुधियाना निवासी चंदन राम (43) और गाजियाबाद निवासी मोनू (26) कार से गाजियाबाद से बनारस जा रहे थे। सुबह करीब चार बजे हादसा हो गया। हादसे की सूचना मिलते ही एक्सप्रेसवे पीआरबी टीम मौके पर पहुंची। जवानों ने दोनों घायलों को तुरंत सीएचसी में भर्ती कराया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने दोनों को खतरे से बाहर बताया। उपचार के बाद दोनों लोग अपने गंतव्य के लिए रवाना हो गए।
टक्कर के बाद खुल गया कार का एयरबैग बच गई जान
गाजियाबाद से बनारस जा रहे दो लोगाें की कार शनिवार सुबह जब डिवाडर से टकराई तो तेज धमाका हुआ। इसकी आवाज दूर तक सुनाई दी। गनीमत रही कि टक्कर के बाद कार के एयरबैग खुल गए। इससे बड़ा हादसा टल गया। कार सवार दोनों लोग मामूली रूप से घायल हुए। अगर, एयरबैग नहीं खुलता तो कार सवारों की जान जा सकती थी। घायल खुद इस बात को स्वीकार कर रहे थे।