उझानी (बदायूं)। गली-मोहल्लों में बिजली के पोल जमीनी सतह से गलने के बाद खुलेआम हादसे को न्योता दे रहे हैं। नागरिकों की शिकायत पर अवर अभियंता ने पिछले दिनों लाइनमैनों से सर्वे कराया तो विभागीय स्तर पर चौंकाने वाली हकीकत सामने आई। करीब पचास पोल ऐसे मिले, जिनमें कई आधे से अधिक गल चुके थे। अवर अभियंता ने इसकी रिपोर्ट उप खंड अधिकारी (एसडीओ) के जरिए एक्सईएन को सौंपी है। यह बात भी सामने आई है कि तीन साल में एक बार भी क्षतिग्रस्त पोलों की मरम्मत नहीं कराई गई है।
नगर में लोहे के पोलों (एसटीपी) की संख्या सैकड़ों में है। इनमें साहूकारा, बाजारकलां, किलाखेड़ा, नझियाई, बहादुरगंज, गंजशहीदा, गौतमपुरी, अहीरटोला और श्रीनारायणगंज समेत कई मोहल्लों में पोल क्षतिग्रस्त हैं। ऐसे में क्षतिग्रस्त पोलों से हादसे की आशंका जताते हुए पिछले महीने नागरिकों की ओर से बिजली उपकेंद्र पर शिकायत की गई थी। इसके बाद अवर अभियंता सुनील कुमार ने लाइनमैनों की टीम बनाकर क्षतिग्रस्त पोलों का सर्वे कराया तो अधिकतर मोहल्लों में कई ऐसे पोल मिले जो जमीनी सतह से गलने के बाद गिरने के कगार पर पहुंच चुके थे। करीब चार दर्जन पोलों को चिह्नित कर जल्द ही बदलवाने या फिर मरम्मत कराने की संस्तुति की गई है।
बता दें कि नगर में बिजली के पोलों की मरम्मत कराने के लिए कोई भी कार्यदायी संस्था नहीं है। विभागीय स्तर से तीन साल में कार्यदायी संस्था का चयन भी नहीं किया गया है।
गिर चुके हैं बिजली के पोल
क्षतिग्रस्त बिजली के पोलों से हादसा भले ही नहीं हुआ है लेकिन चार महीना पहले गंजशहीदा मोहल्ले में सप्लाई के समय पोल गिर गया था। उस वक्त मोहल्ले में काफी देर तक अफरातफरी का माहौल बना रहा था।
नगरीय इलाके में बिजली के कई पोल क्षतिग्रस्त मिले हैं। सर्वे के आधार पर आगे की कार्रवाई के लिए रिपोर्ट भी सौंपी जा चुकी है। क्षतिग्रस्त पोलों से जनहानि नहीं हो, इसके लिए कवायद शुरू कर दी गई है। कार्यदायी संस्था का चयन होते ही मरम्मत कराएंगे।
- सुनील कुमार, अवर अभियंता