उत्तर प्रदेश की प्रमुख विपक्षी बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने कुंभ के दौरान इलाहाबाद रेलवे स्टेशन पर हुई घटना के लिए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से इस्तीफे की मांग की है।
बसपा ने कहा कि हर मोर्चे पर असफल अखिलेश यादव सरकार की बर्खास्तगी होनी चाहिए और इसी कारण राज्यपाल बीएल जोशी के अभिभाषण का विरोध किया गया।
सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद नेता विरोधी दल स्वामी प्रसाद मौर्य ने पत्रकारों से कहा कि सरकार हर मोर्चे पर असफल है। कुंभ में एक हजार करोड़ रुपए से अधिक राशि खर्च कर दी गई लेकिन श्रद्धालुओं की सुरक्षा के आवश्यक इंतजाम नहीं किए गए और इसी बदइंतजामी की वजह से 39 श्रद्धालुओं की जान चली गई।
संसदीय कार्यमंत्री मो. आजम खां मेला प्रभारी पद से इस्तीफा देने का ड्रामा करते हैं। उन्हें यदि दुख ही हुआ था तो मंत्री पद से इस्तीफा क्यों नहीं दिया।
उन्होंने कहा कि एक तरफ मुख्यमंत्री अधिकारियों को हादसे के लिए क्लीन चिट देते है दूसरी तरफ राजस्व परिषद के अध्यक्ष से जांच की घोषणा करते है। मौर्य ने कहा कि क्लीन चिट देने के बाद जांच का औचित्य क्या है। जांच करानी ही है तो उच्च न्यायालय के कार्यरत न्यायाधीश से जांच हो।
उन्होंने कहा कि कुंभ की घटना मामूली नहीं है, इसके लिए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को इस्तीफा देना चाहिए। विधानपरिषद में नेता विपक्ष नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि सरकार ने चीनी मिल मालिकों से मिलकर गन्ना किसानों का उत्पीड़न किया। शोषण हर ओर हो रहा और सरकार फेल हो गई है।