वीडियो कॉलिंग से लगेगी ग्राम सचिवालयों में कर्मचारियों की उपस्थिति
बिजनौर। पंचायत सचिवालयों को क्रियाशील करने के लिए प्रशासन सख्त हो गया है। डीपीआरओ के निरीक्षण में सचिवालय निष्क्रिय मिले। डीएम उमेश मिश्रा ने कर्मचारियों के लिए निर्देश जारी किए हैं। बीडीओ रोजाना वीडियो कालिंग से सचिवालय में कर्मचारियों की उपस्थिति की चेकिंग करेंगे। बीट सिपाही की सचिवालय में उपस्थिति अनिवार्य होगी।
जिले की 1123 पंचायतों में ग्राम सचिवालय खुल गए हैं। सचिवालय आधुनिक तकनीकी सुविधाओं से सुसज्जित हैं। सचिवालय में एक दर्जन विभाग के ग्राम स्तरीय कर्मचारियों का बैठना अनिवार्य किया गया है। लेकिन कर्मचारियों की उदासीनता के कारण सचिवालय निष्क्रिय पड़े हुए हैं। शिकायत पर डीपीआरओ सतीश कुमार ने नौ मई को मौहम्मदपुर देवमल ब्लॉक की मौढ़िया घासी, पदमपुर तथा रतनपुर रियाया पंचायतों का आकस्मिक निरीक्षण किया तो सभी निष्क्रिय मिले। प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया।
डीपीआरओ ने बताया कि डीएम उमेश मिश्रा ने ग्राम सचिवालय को सक्रिय बनाने के लिए बिंदुवार निर्देश जारी किए हैं। कर्मचारियों की लापरवाही सामने पर निलंबन की कार्रवाई होगी। डीएम ने हर ब्लॉक के बीडीओ की पंचायत सचिवालयों के निरीक्षण को लेकर जिम्मेदारी तय कर दी है। बीडीओ अपने ब्लॉक के पांच गांव में वीडियो कॉलिंग कर कर्मचारियों से बात कर उपस्थिति की जानकारी लेंगे। जिला व ब्लाक स्तरीय अधिकारी कर्मचारियों की बैठक जरूरी होने पर दोपहर दो बजे के बाद करेंगे।
ये कर्मचारी बैठेंगे सचिवालय में
डीएम उमेश मिश्रा के निर्देश के अनुसार ग्राम प्रधान, ग्राम पंचायत सचिव, पंचायत सहायक, हल्का लेखपाल, किसान सहायक, रोजगार सेवक, एएनएम, आशा, आंगनबाड़ी, बीट सिपाही, बिजली कर्मचारी, बैंक सखी, तथा जन सेवा केन्द्र कर्मचारी रोजाना सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक ग्राम सचिवालय में बैठेंगे। कर्मचारी दोपहर दो बजे के बाद शिकायतों को निपटाने गांवों में जाएंगे। जांच की सूचना विभाग के ब्लाक एवं जिला स्तरीय अधिकारी को व्हाट्सएप पर देंगे।
दीवारों पर लिखा जाएगा कर्मियों का नाम
डीएम ने हिदायत दी है कि ग्राम सचिवालय में नियुक्त सभी कर्मचारियों के नाम, पद नाम, मोबाइल नंबर, बैठने का दिन आदि ग्राम पंचायत सचिवालय की दीवारों पर स्पष्ट लिखवाया जाएगा। कोई कर्मचारी ड्यूटी से नदारद हो तो समस्या लेकर आए ग्रामीण संबंधित अधिकारियों को मोबाइल फोन से जानकारी दे सकते हैं। डीपीआरओ सतीश कुमार ने बताया कि बिना कारण अनुपस्थित रहने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई होगी।