घटना में राहुल, नेहा, पूजा और उर्मिला गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि अमीषा ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मुकदमा दर्ज कर आरोपी चालक की तलाश शुरू कर दी है।
परिजनों ने बताया कि अमीषा की शादी फरवरी 2026 में ही हुई थी। शादी को कुछ ही महीने हुए थे और परिवार खुशियों में डूबा था, लेकिन इस हादसे ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया।
आर्थिक मदद की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग की है। उनका कहना है कि परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है और किसी भी सदस्य का आयुष्मान कार्ड नहीं बना है, जिससे इलाज का खर्च उठाना मुश्किल हो रहा है।
बिना अनुमति लगने का आरोप
ग्राम प्रधान सुनीता चौहान का कहना है कि मेले के आयोजन के लिए ग्राम पंचायत से कोई अनुमति नहीं ली गई थी। उन्होंने दावा किया कि अव्यवस्थाओं को लेकर पहले भी प्रशासन को अवगत कराया गया था, लेकिन इस पर ध्यान नहीं दिया गया।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि मेला स्थल पर सुरक्षा और पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था नहीं थी। उनका कहना है कि सड़क किनारे अव्यवस्थित पार्किंग और भीड़भाड़ के कारण हादसे की आशंका पहले से बनी हुई थी।