बिजनौर में दरोगा पर हमले के मामले में जांच करती पुलिस
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उत्तर प्रदेश के बिजनौर जनपद में बाइक सवार युवकों ने झालू में निलंबित हुए दरोगा पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया और फरार हो गए। सीओ सिटी घटना की जांच पड़ताल के लिए मौके पर पहुंचे। हमला करने वाले युवक कौन थे, इसका पता किया जा रहा है। गुरुवार को ही दरोगा को आरएसएस के कार्यकर्ता उमंग काकरान को थप्पड़ मारने के मामले में निलंबित किया गया था।
ये था मामला
गुरुवार को कस्बा झालू निवासी आरएसएस के नेता उमंग काकरान अपने पिता रामेंद्र सिंह का चरित्र प्रमाण पत्र बनवाने के लिए पुलिस चौकी गए थे। पुलिस चौकी पर तैनात दरोगा अरुण कुमार राणा ने रिपोर्ट लगाने से इनकार दिया। इस बात पर दोनों में नोकझोंक हो गई और दरोगा ने उमंग को थप्पड़ मार दिया। घटना के विरोध में हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने झालू पुलिस चौकी पर हंगामा किया था। पूर्व सांसद भारतेंद्र सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ता सीओ सिटी कुलदीप गुप्ता से मिले थे। गुरुवार को एसपी डॉ. धर्मवीर सिंह ने दरोगा अरुण कुमार राणा को निलंबित कर दिया था।
अरुण कुमार कस्बा झालू के मोहल्ला महाजनान के एक मकान में किराए पर रहते हैं। शुक्रवार शाम वह बाजार जा रहे थे। पुरानी घासमंडी के पास मुंह पर कपड़ा बांधकर आए बाइक सवार युवकों ने लाठी-डंडों से दरोगा पर हमला कर दिया। इसके बाद हमलावर फरार हो गए। घटना की सूचना आला अफसरों को दी गई। सीओ सिटी कुलदीप गुप्ता मौके पर पहुंचे और मामले की जांच की। पुलिस ये पता लगाने में जुटी है कि हमलावर कौन थे। अभी इस मामले में रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई है।