अफजलगढ़ में विभाग ने खंडहर राजकीय आदर्श इंटर कालेज के भवन को बोर्ड परीक्षा केंद्र बना दिया। हालांकि कालेज की इमारत को 2006 में ही निष्प्रयोजित किया जा चुका है। 12 फरवरी को कालेज में पहली पारी में शुरू होने जा रही परीक्षा में परीक्षार्थी खंडहर कमरों में बैठकर परीक्षा देंगे। भवन के कमरों में न उचित प्रकाश की व्यवस्था है।
राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज के भवन खस्ताहाल है। स्कूल के कई कमरे गिरे हुए हैं। आधा दर्जन से अधिक कमरों में दरार है। स्कूल भवन को एक दशक पहले निष्प्रयोजित घोषित किया जा चुका है। ऐसे में किसी को भी परीक्षार्थियों के भविष्य की चिंता नहीं है। वैज्ञानिक मौसम बिगड़ने का भी अल्टीमेट दे चुके हैं। बारिश से बचाव के लिए कॉलेज ने कोई वैक्लपिक व्यवस्था नहीं है।
कई बार मांग उठी
कई बार मांग करने के बाद भी कालेज के भवन का निर्माण नहीं कराया जा सका है। कॉलेज में लगभग 600 छात्र छात्राएं अध्ययनरत हैं। कॉलेज भवन में 20 कमरे हैं। जिसमें पांच कमरे गिरकर खंडहर में तब्दील हो चुके हैं। इमारत का मुख्य भवन जो ऑफिस के रूप में प्रयोग किया जा रहा है। वह भी बीते वर्षों में क्षतिग्रस्त हो गया है। कमरों में दरार और लिंटर टूटकर गिर चुका है।
विद्यालय निर्माण का प्रस्ताव प्रधानाचार्य सत्यवीर सिंह का कहना है भवन निर्माण व अध्यापकों के लिए उच्चाधिकारियों को मौखिक व लिखित रूप से अवगत कराया जा चुका है। जो भी आदेश मिलेंगे, उनका पालन होगा। वहीं, डीआईओएस राजेश सिंह का कहना है कि विद्यालय निर्माण की स्वीकृति राज्य सरकार से मिल चुकी है। केंद्र के बारे में बताया कि सेंटर के लिए सरकारी विद्यालय के संचालित होने व प्राथमिकता के आधार पर परीक्षा केंद्र बनाया गया है।
आधा दर्जन कालेजों का केंद्र
केंद्र व्यवस्थापक नितिन कुमार ने बताया कॉलेज के 9 कक्षों में अब्दुल रजाक, राजकीय शाहपुरजमाल, राखी मेमोरियल आसफाबाद चमन, सरस्वती विद्या मंदिर, अफजलगढ़ सहित अन्य विद्यालयों का केंद्र बनाए गए हैं। जिसमें इंटरमीडिएट की 104 छात्राएं, 250 छात्र तथा हाईस्कूल में 91 छात्राएं तथा 243 छात्र परीक्षा देने आएंगे। नौ कक्षों में 36 कक्ष निरीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। स्थानीय स्टाफ की कमी के चलते छह निरीक्षक स्थानीय व 30 की अतिरिक्त व्यवस्था की गई है। जिसमें 27 निरीक्षकों ने अपनी आमद दर्ज करा दी है। बाकि तीन निरीक्षकों की आमद न होने के चलते बीआरसी कार्यालय को अवगत करा दिया गया है।