वैज्ञानिकों ने गन्ना पौधों का किया स्वास्थ्य परीक्षण
बिजनौर। गन्ना शोध केंद्र से आए वैज्ञानिकों एवं अफसरों ने बृहस्पतिवार को गन्ना फसल का निरीक्षण किया। उन्होंने खेतों में जाकर गन्ना फसल में बीमारियों की जांच की। जांच के दौरान गन्ना फसल में चोटी बेधक व काला चिट्ठा का थोड़ा सा असर दिखाई दिया। वैज्ञानिक व अफसरों ने किसानों को फसल सुरक्षा के बारे में एवं कीटनाशक के प्रयोग के बारे में जानकारी दी।
गन्ना शोध केंद्र मुजफ्फरनगर से आए कीट रोग विशेषज्ञ डॉ. नीलम कुरील एवं पादप रोग विशेषज्ञ डा. अवधेश डागर ने चीनी मिल बिलाई सहित कई मिलों के परिक्षेत्र में पहुंच कर खेतों का निरीक्षण किया और खेतों में खड़े गन्ने के पौधों को देखा। उन्होंने किसानों को बीमारी से पीड़ित पौधे को दिखाकर बीमारी के लक्षण और उससे बचाव के बारे में बताया। विशेषज्ञों ने बताया कि गन्ना फसल में चोटी बेधक कीट व काला चिट्ठा का छुटपुट असर दिखाई दे रहा है। उन्होंने पेड़ी फसल में छिड़काव के बारे में बताया।
जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह ने किसानों को बताया कि गन्ना फसल में नैनो यूरिया का प्रयोग करें। सभी कीटनाशक व नैनो यूरिया गन्ना समितियों पर अनुदानित दर पर उपलब्ध हैं। निरीक्षण के दौरान महाप्रबंधक गन्ना जयवीर सिंह, सहायक महा प्रबंधक गन्ना संजीव कुमार शर्मा, सिताब सिंह, नवीन आर्य आदि उपस्थित रहे।