बिजनौर। जिले में गेहूं खरीद में लापरवाही बरते जाने पर सात केंद्र प्रभारियों के अप्रैल माह के वेतन आहरण पर रोक लगाई गई है। अफसरों का कहना है कि यदि फिर भी सुधार नहीं होता, उनके खिलाफ अनुशासनिक कार्रवाई प्रस्तावित कर दी जाएगी।
जनपद में गेहूं खरीद हो रही है। गेहूं खरीद के लिए क्रय केंद्रों के साथ साथ मोबाइल वैन चला रखी है। जो सूचना पर गांव में पहुंचकर गेहूं खरीद रही है। गेहूं खरीद लक्ष्य के अनुसार नहीं हो पा रही है। इसके चलते प्रशासन सख्त हो गया है। जिला खाद्य विपणन अधिकारी अमित द्विवेदी ने बताया कि सात गेहूं क्रय केंद्रों पर 14.05 मीट्रिक टन ही गेहूं खरीद हुई। जबकि साप्ताहिक लक्ष्य 105.30 मीट्रिक टन था। ऐसे में केंद्र के प्रभारी प्रशांत रंजन शुक्ला का वेतन रोक दिया गया। वहीं धामपुर क्रय केंद्र की प्रभारी रिंकी रानी भी लक्ष्य के सापेक्ष 15.42 प्रतिशत व धामपुर 2 पर 15.71 प्रतिशत गेहूं खरीद कर पाई। नगीना मंडी में बनाए गए गेहूं क्रय केंद्र प्रभारी शाहनवाज का वेतन रोका गया है जो कि केवल 18.75 प्रतिशत गेहूं खरीद पाए। इसके अलावा चांदपुर केंद्र के प्रभारी अरविंद कुमार सिंह किरतपुर केंद्र के प्रभारी दिव्यांगना शर्मा चांदपुर टू के प्रभारी राहुल, नगीना मंडी समिति क्रय केंद्र प्रभारी शाहनवाज और पदारतपुर क्रय केंद्र के प्रभारी सचिन चौहान का वेतन रोका गया है। नोटिस में कहा गया कि लक्ष्य के सापेक्ष गेहूं खरीद नहीं होने से जनपद की छवि धूमिल हो रही है।