बिजनौर। आपके मोबाइल भी वाहन का चालान कटने का मैसेज आया हो तो फाइल खोलने सावधान रहे। साइबर ठगों ने अब डराकर मोबाइल हैक करना शुरू कर दिया है। रविवार की रात बिजनौर में अनुज चौधरी के मोबाइल पर एपीके फाइल आई। क्लिक करते हुए व्हाट्सएप हैक हो गया और फिर उससे जुड़े ग्रुप और नंबरों पर वहीं चालान वाली फाइल भेज दी गई।
शहर के फरीदपुर उद्दा उर्फ घेर निवासी अनुज चौधरी के मोबाइल पर रविवार की रात करीब 10 बजे एक मैसेज आया। उसमें उसकी गाड़ी का चालान आरटीओ द्वारा करने का जिक्र था। साथ में एक एपीके फाइल भी थी। अनुज चौधरी ने बताया कि अंजान नंबर से मैसेज था। मैने सोचा गाड़ी का चालान कट गया, उसकी की डिटेल फाइल में है। जैसे ही क्लिक किया, मोबाइल हैक हो गया। व्हाट्सएप चलना बंद हो गया। उनके व्हाट्सएप नंबर से लोगों के पास वहीं फाइल डाली गई। लोगों के फोन दूसरे नंबर पर आए, तो पता चला उनके सभी रिश्तदोरों और परिचितों के मोबाइल पर साइबर ठगों ने वहीं एपीके फाइल डाल दी। इसके बाद ऑनलाइन 1930 नंबर पर साइबर पुलिस से ऑनलाइन शिकायत की गई और व्हाट्सएप नंबर डिलीट किया गया।
एएसपी सिटी कृष्णगोपाल सिंह ने बताया कि किसी भी अंजान या परिचित के नंबर से यदि एपीके फाइल आती है तो उस पर क्लिक न करें। साइबर ठग इसी के जरिए मोबाइल, लैपटॉप हैक कर रहे हैं।
पुलिस ने बताए बचाव के तरीके
-अज्ञात मोबाइल एप के माध्यम से लोन लेने और इंवेस्ट करने से बचें
-अनाधिकृत एप इंस्टाल न करें, केवल प्ले स्टोर से ही एप डाउनलोड करें
-अपने ई-मेल का पासवर्ड स्ट्रांग रखें और किसी से शेयर न करें
-कॉल करके कोई पुलिस, जज या आयकर अधिकारी बताए तो कॉल न उठाएं
-साइबर अपराध होने पर तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें