नजीबाबाद में स्टेशन परिसर में नवनिर्मित उच्च क्षमता के ओवर हैड टैंक से पंपों को जोड़कर कॉलोनी एवं स्टेशन परिसर में पेयजल आपूर्ति सुचारु की। उधर, नार्दन मैंस यूनियन ने पेयजल संसाधन अपर्याप्त बता अतिरिक्त नलकूप बनवाने की मांग की।
स्टेशन प्लेटफार्म, कार्यालय और कॉलोनी में चल रहे पेयजल संकट में सुधार आया है। स्टेशन परिसर में 2 लाख 22 हजार 500 लीटर क्षमता का ओवर हैड टैंक निर्माण कराने के बाद उच्च क्षमता के दो नलकूपों से टंकी को जोड़ा। लगभग 1200 लीटर प्रति मिनट क्षमता के नलकूपों से ओवर हैड टैंक को फिलहाल सप्लाई दी जा रही है। इससे स्टेशन, प्लेटफार्म और कॉलोनियों में काफी समय से चले आ रहे पेयजल संकट पर फिलहाल अंकुश है।
उच्च क्षमता के दो नलकूपों का संचालन सुचारू रूप से न करने से ओवर हैड टैंक में पानी का भंडारण प्रभावित है। रेलवे के विद्युत एवं जलकल विभाग का तर्क है उच्च क्षमता के नलकूपों का संचालन लगातार एक साथ न करके उन्हें लगभग डेढ़ से दो घंटों में रेस्ट दिया जाता है।
बिजली आपूर्ति प्रभावित होने पर जब नलकूपों का संचालन सुचारु नहीं हो पाता, तब यदाकदा स्टेशन परिसर क्षेत्र में पेयजल संकट की स्थिति बन जाती है उधर, नार्दन मेंस यूनियन के अध्यक्ष विक्रांत के नेतृत्व में हाल ही में रेल कर्मचारियों ने यूनियन की ओर से डीआरएम प्रमोद कुमार को पत्र सौंपा था।
इसमें स्टेशन परिसर में उच्च क्षमता का एक ओर नलकूप लगाने की मांग की। एईएन सीताराम ने स्टेशन परिसर एवं कॉलोनी में पेयजल आपूर्ति पर्याप्त होने की बात कही।