नजीबाबाद में रेलवे महाप्रबंधक ने कोटद्वार ब्रांच लाइन के क्षतिग्रस्त सुकरो नदी पुल का निरीक्षण किया। जीएम के साथ आए तकनीकी अधिकारियों को पुल के पिलर की फाउंडेेशन कम गहरी होने की स्थिति मिली। गहराई के साथ क्षतिग्रस्त पिलर बनाकर शीघ्र पुल से रेल यातायात शुरू कराने के जीएम ने निर्देश दिए। जीएम ने डिवीजन के अन्य पुलों के पिलरों की गहराई संबंधी जांच एवं निगरानी के निर्देश दिए। स्थानीय व्यापारियों ने जीएम को ज्ञापन सौंपकर बंद पैसेंजर ट्रेनों का संचालन तुरंत कराने एवं रेल यात्रियों की समस्याओं का त्वरित निस्तारण करने की मांग की।
बड़ौदा हाउस दिल्ली से आए रेलवे महाप्रबंधक एके पूठिया ने डिप्टी सीई ब्रिज मनोज कुमार, डीआरएम मुरादाबाद प्रमोद कुमार, सीनियर डीईएन आरपी सिंह और डीएसई-प्रथम पारितोष गौतम के साथ नजीबाबाद-कोटद्वार ब्रांच लाइन पर 23 जुलाई को पिलर ढहने से क्षतिग्रस्त हुए सुकरो नदी रेल पुल का निरीक्षण किया। जीएम सहित तकनीकी अधिकारियों ने सुकरो नदी के पुल से जुड़े पिलरों की फाउंडेशन कम गहरी होने पर चिंता व्यक्त की।
उन्होंने एडीईएन नजीबाबाद सीताराम से ध्वस्त पिलर को तीन मीटर गहराई से बनाकर रेल पुल से दो माह के भीतर रेलों का आवागमन सुचारु कराने को कहा। जीएम ने नदियों के उफान और बरसात के चलते पुलों पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए। तकनीकी अधिकारियों ने सुकरो नदी क्षेत्र में नया पुल बनाए जाने पर भी सहमति व्यक्त की। इससे पूर्व, जीएम ने डीआरएम, सीनियर डीईएन, एडीईएन, एसएस अजित सिंह के साथ नजीबाबाद स्टेशन का निरीक्षण किया।
उधर, व्यापारी नेता राजन टंडन गोल्डी, आयशा सिद्दीकी, विपिन अग्रवाल, तसनीम सिद्दीकी, आशु अग्रवाल, हर्षित अग्रवाल, नमन गुप्ता, आलोक अग्रवाल, रचित अग्रवाल आदि ने जीएम को ज्ञापन देकर नजीबाबाद जंक्शन से निकलने वाली नॉनस्टॉप ट्रेनों का स्टॉपेज देने, बंद की गईं पैसेंजर ट्रेनों को जनहित में तत्काल चलाने, टिकट वितरण व आरक्षण के अतिरिक्त काउंटर खोलने, आरक्षण खिड़की पर धूप से बचाव के लिए शेड लगवाने तथा बी श्रेणी के जंक्शन पर आवश्यक यात्री सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की। जीएम ने बंद पैसेंजर ट्रेनें शीघ्र चलाने का आश्वासन दिया।