बिजनौर में नुमाइश चौक से विकास भवन तक के मार्ग को स्वच्छता पथ बनाने की प्रशासन की कोशिश परवान चढ़ने लगी है। अब स्कूल के टीचर एवं छात्र-छात्राओं ने स्वच्छता पथ को अपनी कलाकृति से सजाने संवारने का बीड़ा उठाया है। कलाकारों ने कहा कि शहीदों की याद में शुरू स्वतंत्रता एवं स्वच्छता कार्यक्रम से जुड़कर वे स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं।
देश के शहीदों को नमन करने के लिए प्रशासन ने स्वतंत्रता दिवस पर स्वतंत्रता व स्वच्छता कार्यक्रम शुरू किया था। इसके तहत नुमाइश चौक से विकास भवन तक के मार्ग को स्वच्छता पथ बनाने का निर्णय हुआ। स्वच्छता पथ के दोनों ओर की सरकारी भवनों की दीवारों पर आजादी के बहादुरों को चित्रांकित किया जा रहा है। छात्राएं बालिकाओं को खेल में आगे आने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए साक्षी मलिक, पीवी संधु , दीपा कर्माकर को आदर्श बनाकर प्रस्तुत करने में लगी हैं।
वाल पेंटिंग से पर्यावरण संरक्षण व शिक्षा का प्रचार करने वाली कलाकृतियां को उकेरा जा रहा हैं। इसके लिए प्रदेश व उड़ीसा राज्य के कलाकारों को बुलाया गया है। अब जिले के स्कूलों के टीचर एवं छात्रों ने इस अभियान में फ्री सेवा देने का एलान किया है। सीडीओ इंद्रमणि त्रिपाठी के अनुसार प्रथम चरण में बिजनौर शहर व आसपास के 32 डिग्री, माध्यमिक व पब्लिक स्कूलों को शामिल किया गया है।
एक टीम में एक टीचर एवं चार छात्र-छात्रा चित्रकार शामिल हैं।
स्वच्छता पथ को सजाने का काम एक सप्ताह में पूरा कर लिया जाएगा। टीम इस काम में पूरे मनोयोग से लगी हैं। कृष्णा कॉलेज में प्रवक्ता रुचि सिंह ने छात्र जीवन में कलाकृति में कई पुरस्कार जीते हैं। अब वे अपने छात्र कलाकारों साक्षी, राजविंदर कौर, दीक्षा चौधरी, आकांक्षा के साथ अपनी प्रतिभा को नया आयाम देने में कोई कमी छोड़ना नहीं चाहती हैं। आरजेपी इंटर कालेज के आर्ट टीचर सुधीर राजपूत, अलका अग्रवाल का कहना है कि वे इस कार्यक्रम में शामिल होकर उत्साहित हैं। शहीदों का भावपूर्ण स्मरण करने का इससे अच्छा मौका और नहीं हो सकता।
इस मुहिम में आरवीआईटी के विद्यार्थियों ने स्वच्छता पथ पर मनमोहक पेंटिंग व कलाकृति बनाकर राहगीरों का मनमोह लिया। दूर दूर से आए कलाकार व वहां उपस्थित लोगों ने तकनीकी छात्रों द्वारा बनाई कलाकृति की प्रशंसा की। मानसी भटनागर, शमा परवीन, गुलशन, अंशुल चौधरी, वर्तिका वशिष्ट, कोआर्डिनेटर शिवानी व धनीराम के नेतृत्व में पेंटिंग व कलाकृतियां बनाई।