बिजनौर। जिला प्रशासन ने पंचायत चुनाव के दूसरे चरण में शांतिपूर्वक मतदान कराने के लिए नजीबाबाद, किरतपुर और कोतवाली देहात विकास खंड की पूरी तरह घेराबंदी रखी। डीएम, एसपी ने तीनों ब्लॉक के 51 बूथों का ताबड़तोड़ दौरा किया।
उन्होंने चुनावी व्यवस्था में ढील मिलने पर एसडीएम और बीडीओ से लेकर बूथों पर तैनात कर्मचारियों की जमकर क्लास ली। ग्राम पंचायत सेक्रेटरी को सस्पेंड किया तथा ड्यूटी से गैरहाजिर मिलने वाले रोजगार सेवकों को हटाने के निर्देश दिए।
दूसरे चरण में नजीबाबाद, किरतपुर और कोतवाली देहात ब्लॉक के मतदान केंद्रों पर मंगलवार को वोट डाले गए। डीएम और एसपी सबसे पहले कोतवाली देहात गांव के मतदान केंद्र पर पहुंचे।
वहां 13 बूथ बनाए गए थे। सुबह से ही बादल छाए थे, जिस कारण कमरों में अंधेरा था। मतदान केंद्र पर एक ही कमरे में कई कई बूथ बनाए गए थे। डीएम को एक मतदान केंद्र पर रोशनी की व्यवस्था मिली। बाकी केंद्रों पर अंधेरा था।
डीएम ने एसडीएम नगीना की बदतर व्यवस्था के लिए जमकर क्लास ली। मौके पर बीडीओ आ गए। उन्हें भी हड़काया। एक्सईएन व एसडीओ विद्युत को भी लताड़ा। डीएम को बताया गया कि लाइन का तार टूटने के कारण बिजली आपूर्ति बाधित है।
डीएम को कोतवाली देहात के मतदान केंद्र पर कोई रोजगार सेवक नहीं मिला। इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए डीएम ने ग्राम पंचायत सेक्रेटरी राकेश सैनी को सस्पेंड करने के निर्देश दिए। तेज बारिश के कारण जनता इंटर कॉलेज कोतवालीदेहात के मतदान केंद्र पर लाइन में लगे मतदाता इधर-उधर दौड़ने लगे।
डीएम ने खड़े होकर अपने सामने जनरेटर चलवाकर रोशनी की व्यवस्था कराई। लगभग 30 मिनट तक डीएम यहां पर रहे। प्राइमरी विद्यालय करौंधा पचदू मतदान केंद्र पर बिना पहचान पत्र के वोट डालने आए कई मतदाताओं को वापस भेज दिया।
कई एजेंटों ने मतदान केंद्र पर अपने प्रत्याशियों के बिल्ले लगा रखे थे। इन्हें डीएम ने अपने सामने हटवा दिया तथा एजेंटों को मतदान कक्ष से बाहर बैठने की इजाजत दी।
हुसैनाबाद के मतदान केंद्र पर खाट पर बैठी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाओं व एक अध्यापिका को बगैर अनुमति के केंद्र पर आने पर उन्हें घर भेज दिया।
डीएम ने कोतवाली ब्लॉक के 24, किरतपुर के 15 व नजीबाबाद ब्लॉक के 12 बूथों का निरीक्षण किया। प्रशासन ने पहले चरण में हुई खामियों को सुधारते हुए केंद्रों पर कड़ी व्यवस्था की थी।
प्रत्याशी का पति हिरासत में लिया
दूधली मतदान केंद्र का दौरा कर लौट रहे डीएम ने एक गाड़ी को रुकवाया। उसमें बैठे एक व्यक्ति की जेब पर लगे महिला प्रत्याशी के बिल्ले को देखकर डीएम ने उससे चुनाव में प्रत्याशी होने के बारे में पूछा। इस पर वह हड़बड़ा गया।
उसने अपना नाम मनोज बताया। कहा कि उसकी पत्नी मेघा किरतपुर ब्लॉक के वार्ड 15 से जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी है। डीएम ने पत्नी का बिल्ला लगाकर बूथों का दौरा करने के आरोप में उसको हिरासत में लेने के निर्देश दिए।
झूठी शिकायत पर लगाई फटकार
मेमन सादात द्वितीय मतदान केंद्र पर डीएम ने फर्जी वोटिंग की झूठी शिकायत करने पर मो. शब्बन को फटकार लगाई। शब्बन की पत्नी किरतपुर के वार्ड 16 से बीडीसी प्रत्याशी है। उसका पुत्र जिपं सदस्य पद का प्रत्याशी है।
फर्जी एजेंट पकड़ा
मंडावली क्षेत्र के मतदान केंद्र लाहक कला बूथ पर क्षेत्र पंचायत सदस्य पद के एजेंट राजेंद्र सिंह अपना बूथ छोड़कर साहबपुरा उमराव मतदान केंद्र पर पहुंच गया। क्षेत्रीय ग्रामीणों ने सेक्टर मजिस्ट्रेट से फर्जी एजेंट होने की शिकायत की। सेक्टर मजिस्ट्रेट ने राजेंद्र सिंह को पकड़कर कमरे में बंद कर दिया। बाद में उसे थाने भेज दिया गया।
एजेंटों के सामूहिक फोटो खिंचवाए
प्रशासन दूसरे चरण में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूरी तरह चाक चौबंद था। दूसरे चरण में बूथों पर तैनात एजेंटों के प्रशासन ने सामूहिक फोटो खिंचवाए। जिससे कोई गड़बड़ी होने पर उनसे पूछताछ की जा सके।
बादलों से वोट पर ब्रेक
मंगलवार सुबह घने बादल छाए रहने के बाद बारिश होने से मतदान प्रभावित रहा। कई मतदान केंद्र ऐसे थे, जिन पर पहले घंटे में आठ-दस वोट ही पड़े। अकबराबाद में सवा दस बजे बारिश के कारण बूथ खाली पड़े थे। इस दौरान वहां पर केवल सात-आठ प्रतिशत वोट ही पड़े। 12 बजे के बाद मौसम साफ होने पर मतदान में तेजी आई।