धामपुर में 25 अक्तूबर को स्योहारा मिल गेट पर होने वाली महापंचायत को स्थगित करने का ऐलान कर दिया है। स्योहारा ब्लॉक अध्यक्ष ने बताया कि यूनियन ने ऐसा निर्णय जिला पंचायत और प्रधान पद को लेकर होने वाले चुनावी कार्यक्रम के मद्देनजर लिया है। वहीं, किसानों ने भाकियू नेताओं पर महापंचायत के नाम पर गुमराह करने का आरोप लगाया है।
स्योहारा ब्लॉक के अध्यक्ष पृथ्वी सिंह ने बताया कि तहसील अध्यक्ष देवराज सिंह की ओर से जिले की सभी मिलों को अक्तूबर के अंत तक चालू कराने की मांग को लेकर 25 अक्तूबर से स्योहारा चीनी मिल के गेट पर महापंचायत का ऐलान किया था। किसान गांवों में जाकर संपर्क कर रहे थे। महापंचायत को इस बार ऐतिहासिक बनाने को पूूरी तरह से लामबंद होते नजर आ रहे थे। मगर तीन दिन पहले महापंचायत के स्थगित होने से किसानों के मंसूबों पर पानी फिर गया।
गौरतलब है कि भाकियू की महापंचायत के ऐलान से न केवल स्योहारा मिल के अधिकारी परेशान हो रहे थे। बल्कि धामपुर और अफजलगढ़ चीनी मिल के अधिकारियों के भी पसीने छूटे थे। अधिकारी भी इस प्रयास में थे कि किसी तरह से किसानों की स्योहारा में होने वाली महापंचायत स्थगित हो जाए। देवराज सिंह ने भी बताया कि इस महापंचायत को पिछले दिनों बिजनौर में हुई पंचायत में जिलाध्यक्ष से स्थगित करने का निर्णय सुनाया था।