बिजनौर/नजीबाबाद/धामपुर में श्रावण मास की शिवरात्रि पर शिवभक्तों ने भगवान शिव का जलाभिषेक कर उनको बेल पत्र अर्पित करते हुए पूजा-अर्चना की। मंदिरों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही। गांव खारी के प्रसिद्ध झारखंडी मंदिर पर आधी रात से ही कांवड़ भी चढ़ाई गई। पहली बार जिले के शिवभक्त श्रावण मास की कांवड़ लेकर आए।
श्रावण मास की शिवरात्रि पर सुबह से ही मंदिरों पर श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही। मंदिरों पर हर हर महादेव के जयघोष दूर-दूर तक सुनाई देते रहे। गांव खारी में स्थित झारखंडी मंदिर पर आधी रात से ही श्रद्धालु पहुंचने शुरू हो गए थे। करीब 40 से ज्यादा शिव भक्तों ने मंदिर में कांवड़ चढ़ाई। पहली बार श्रावण मास में इतनी कांवड़ चढ़ती नजर आई। मंदिर पर श्रद्धालुओं की लंबी लाइन लगी रही। दूरदराज से भी श्रद्धालु इस मंदिर पर जलाभिषेक करने पहुंचे।
गांव जलालपुर के पास कुबड़ा महादेव मंदिर पर भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ लगी रही। इस मंदिर पर भी दूर दराज के श्रद्धालु पूजा-अर्चना करने पहुंचे। बिजनौर में कालिका मंदिर, पंचमुखी हनुमान मंदिर, बाबा हरिहर मंदिर, श्री शिव मंदिर लंगोटिया महाराज, मोहल्ला राम बाग घेर स्थित शिव मंदिर, चामुंडा मंदिर, बालाजी मंदिर पर भी सुबह से श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही। कस्बा झालू में मनोकामना शिव मंदिर पर रविवार से रामायण पाठ का शुभारंभ किया गया। सोमवार को रामायण पाठ संपन्न हुई व भंडारे का आयोजन किया गया गया। इस मंदिर पर सुबह से ही शिवभक्तों की भारी भीड़ रही। इसके अलावा रामलीला मैदान स्थित शिव मंदिर, छतरी वाला कुआं मंदिर, मुख्य बाजार स्थित शिव मंदिर पर भी भारी भीड़ रही।
वहीं नजीबाबाद में राधा मंडप मंदिर में शिवभक्तों ने शिवरात्रि पर शिवलिंग महाकाल श्रृंगार के साथ जलाभिषेक किया। शिव भजनों से वातावरण शिवमय हो गया।
देवों के देव महादेव की भक्ति में डूबे शिवभक्तों ने दीवान परमानंद स्थित राधा मंडप मंदिर में भगवान शिव की स्तुति के साथ भगवान का श्रृंगार किया। शिवरात्रि पर्व पर पंडित अभय भारद्वाज के नेतृत्व में पूजा अर्चना के साथ भक्तों ने कष्ट निवारक भगवान शिव को नमन करते हुए जलाभिषेक किया। मंदिर परिसर में भक्तों द्वारा भगवान भोले नाथ के भक्तिमय भजनों से वातावरण शिवमय हो गया। इस अवसर पर अनु भारद्वाज, रवि अग्रवाल, विभोर, शिवा, अप्पू, बुद्वदेव शर्मा, प्रमोद तिवारी, विनोद यादव आदि उपस्थित रहे।
वहीं धामपुर में शिवरात्रि पर सोमवार को शिवमंदिरों में प्रात: से ही जल चढ़ाने के लिए शिवभक्तों की लाइनें लगनेे लगीं। मंदिर के पुजारी अश्वनी शर्मा एवं कमेटी के अध्यक्ष जितेंद्र मोहन कपूर ने बताया कि मंदिर में प्रात: पांच बजे से ही भोले के भक्तों ने जल चढ़ाना शुरू कर दिया था। भक्त मदन सिंह, बबीता, नीरजरानी, कैलाशो देवी का कहना है कि शिवरात्रि के मौके पर भगवान शंकर से जो भी मुराद मांगी जाती है, वह जरुर पूरी होती है। नगर के ठाकुरद्वारा मंदिर, बड़ा शिव मंदिर, श्रीराम मंदिर, लक्ष्मीनारायण मंदिर, चंपा देवी मंदिर, चामुंडा देवी मंदिर, कालियावाला मंदिर पर भी प्रात: से जल चढ़ना प्रारंभ हो गया था। उधर, क्षेत्र के अफजलगढ़, रेहड़, शेरकोट, कासमपुरगढ़ी, कालागढ़ आदि नगरों एवं ग्रामीण क्षेत्रों में भी शिवालयों में भक्तों ने जल चढ़ाया।
एक कांवड़ देश के नाम
बिजनौर में एक कांवड़ देश के नाम अभियान के तहत स्वयंसेवक जल भरकर कांवड़ को बिजनौर लाए। बिजनौर पहुंचने पर कांवड़ का नागरिकों ने स्वागत किया। मोहल्ले रेती के शिव झारखंडी मंदिर में जलाभिषेक किया गया। रविवार की सुबह हरिद्वार से एक कांवड़ देश के नाम अभियान के तहत कांवड़ यात्रा जल भरकर शुरू हुई। अभियान के संयोजक जितेंद्र चौधरी ने बताया कि कांवड़ यात्रा हरिद्वार से चलकर चिडिय़ापुर, भागूवाला, मंडावली, चंदक व मंडावर हुए बिजनौर आई। यात्रा में दो रथ मंदिर के आकार के और ढोल नगाड़ों साथ बिजनौर आए। यात्रा में स्वयंसेवकों के हाथों में तिरंगे झंडे व भगवा झंडे थे। यात्रा ने रात्रि में विश्राम यशपाल आर्य सरस्वती विद्या मंदिर में किया। सुबह को यात्रा ने शहर में प्रस्थान किया। जजी चौक पहुंचने पर चिकित्सकों ने, शास्त्री चौक पर पउप्र उद्योग व्यापार मंडल के व्यापारियों ने, पंजाबी कॉलोनी पर स्वयंसेवकों ने, डाकघर पर भगवंत ग्रुप के पदाधिकारियों व रम्मू के चौराहे पर बीजेपी कार्यकर्ताओं ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। इसके बाद शिव झारखंडी मंदिर रेती में भगवान शंकर का जलाभिषेक किया। इसके बाद कन्याओं का पूजन किया गया। यात्रा में विभाग प्रचार अजय कुमार, जिला प्रचारक नागेंद्र कुमार, मयंक मयूर, प्रशांत महर्षि, सुभाष वाल्मीकि, विकास अग्रवाल, डा.बीरवल सिंह आशाराम भारती व दीपक कटारिया, आशीष अग्रवाल, नवीन अग्रवाल, संयम भारद्वाज, सम्मी चोपड़ा आदि मौजूद रहे।