गंगा यात्रा के लिए भूमि-पूजन से जुड़ा खस्ताहाल मार्ग बना सिरदर्द
भागूवाला/नजीबाबाद। भागूवाला के सबलगढ़ में मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी के संभावित गंगा यात्रा कार्यक्रम को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों में खलबली है। हालांकि गंगा बैराज पर मुख्यमंत्री का प्रमुख कार्यक्रम होने से कुछ राहत जरूर है। लेकिन गंगा का उप्र के सबलगढ़ क्षेत्र में प्रवेश पर गंगा यात्रा का भूमि-पूजन कार्यक्रम अधिकारियों के लिए सिरदर्द बना है। सबलगढ़ से भूमि-पूजन के लिए पहुंचने वाला मार्ग बेहद खस्ताहाल है।
भागूवाला के सबलगढ़ से चार किमी दूर जैनुद्दीन पीर बाबा क्षेत्र में गंगा का उत्तर प्रदेश में प्रवेश हुआ है। इसी स्थान पर 27 जनवरी को गंगा यात्रा कार्यक्रम का शुभारंभ तय किया गया। गंगा यात्रा का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा उद्धाटन करने पहुंचने का संभावित कार्यक्रम के लिए प्रशासनिक अधिकारी सबलगढ़ क्षेत्र में विकास कार्यों को पूरा करने के लिए पूरी ताकत लगा दी थी। अधिकारियों का डर सता रहा है कि मुख्यमंत्री के सामने कहीं पोल न खुल जाए। हालांकि गंगा यात्रा का प्रमुख कार्यक्रम गंगा बैराज (बिजनौर) पर होने से अधिकारियों ने राहत की सांस ली है लेकिन भूमि-पूजन को लेकर अब भी अधिकारियों में मुख्यमंत्री का सबलगढ़ क्षेत्र में पहुंचने का संभावना खत्म नहीं हुई है।
गांव सबलगढ़ से जैनुद्दीन पीर बाबा क्षेत्र जहां गंगा यात्रा का भूमि-पूजन होना है वह मार्ग चार किमी मार्ग बेहद खस्ताहाल है। दो दिन से हुई बारिश ने प्रशासनिक अधिकारियों का मार्ग को लेकर ओर सिरदर्द बढ़ा दिया है। हालांकि गांव में स्वास्थ्य, पेयजल, निर्माण और विकास के कार्यों को चुस्त-दुरुस्त करने के लिए प्रशासन ने पूरी ताकत झोंक रखी है।