बिजली दरों में कमी से किसानों को होगा 19 करोड़ का फायदा
बिजनौर। प्रदेश सरकार ने किसानों के नलकूपों के आधे बिजली बिल माफ कर दिए हैं। इससे केवल बिजनौर सर्किल में ही 23 हजार से अधिक किसान परिवारों को फायदा होगा। प्रति नलकूप पर किसान को करीब सात से नौ हजार रुपये बचेंगे।
पिछले कुछ समय से किसानों के नलकूपों के बिजली बिल में प्रदेश सरकार द्वारा वृद्धि की गई थी। किसान काफी समय से बिजली बिलों में कटौती की मांग कर रहे थे। बिजली बिल चुनावी मुद्दा भी बन रहा था। प्रदेश सरकार ने बिजली बिलों के दामों में भारी छूट करते हुए बिल एकदम आधे कर दिए हैं। बिजली के बिल कम होने से किसानों को भारी फायदा होगा। बिजनौर सर्किल में 23 हजार से अधिक किसानों के नाम नलकूप के कनेक्शन हैं। कुछ के नाम साढ़े सात और कुछ के नाम दस हार्स पावर के कनेक्शन हैं। सरकार ने सभी के बिल आधे कर दिए हैं। साढ़े सात हार्स पावर वाले कनेक्शन पर करीब 16 हजार और दस हार्स पावर के कनेक्शन पर करीब 20 हजार रुपये का बिल आता है। बिल माफ होने से किसानों को करीब 19 करोड़ रुपये का फायदा होगा।
गन्ना भुगतान का ब्याज भी दिलाए सरकार
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के वेस्ट यूपी महासचिव कैलाश लांबा के अनुसार किसानों के बिजली बिल पहले ही माफ हो जाने चाहिए थे। सरकार को किसानों के विलंब भुगतान पर ब्याज भी दिलाना चाहिए। ब्याज दिलाने के हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ तो सरकार खुद ही सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई है। भाकियू के मंडल अध्यक्ष दिगंबर सिंह के अनुसार किसानों को बिजली के बिल आधे होने से राहत मिलेगी। सरकार को फसलों की लागत का डेढ़ गुना दाम भी किसानों को दिलाना चाहिए। रालोद जिलाध्यक्ष अली अदनान के अनुसार भाजपा सरकार किसान विरोधी है और अब तक किसी भी वादे पर खरी नहीं उतरी है। सरकार ने किसानों की आमदनी दोगुनी करने की बात कही थी, लेकिन खेती की लागत दोगुनी कर दी।