बिजनौर। विभिन्न मांगों को लेकर किसानों ने सोमवार को तहसील बिजनौर में प्रदर्शन कर धरना दिया। आंदोलित किसान धरने पर अफसरों को बुलाने की मांग पर अड़े रहे। धरने पर बिजली अधिकारी न आने से आक्रोशित किसान ट्रैक्टर ट्राली से आवास विकास स्थित अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर पहुंचे और वहां कार्यालय में तालाबंदी कर दी। वापस तहसील परिसर में धरने पर जाकर बैठ गए।
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के जिलाध्यक्ष विनोद कुमार, पश्चिमी उत्तर प्रदेशाध्यक्ष कैलाश लांबा की अगुवाई में अनेक किसान ट्रैक्टर-ट्राॅली में सवार होकर बिजनौर तहसील पहुंचे। वहां उन्होंने प्रदर्शन कर धरना दिया। धरने पर वक्ताओं ने कहा कि सरकार बिना शर्त बिजली बिल माफ करे। किसान नेताओं ने खेतों से जाने वाली विद्युत लाइनों के खींचने से नुकसान फसल का मुआवजा मांगा।
किसानों के बिजली बिल सही भेजने, विरासत आदि समस्याएं, आए दिन गुलदार के हमलों से किसान, ग्रामीणों की मौत हो रही है। जल्द खेतों से सभी गुलदार पकड़वाने की मांग की। चीनी मिलों से बकाया गन्ना मूल्य भुगतान दिलाने की मांग की है। धरने पर एसडीएम मनोज कुमार, विद्युत अधीक्षण अभियंता विनोद कुमार अवस्थी, डीसीओ पीएन सिंह, चीनी मिल बिलाई के अधिकारी व किसानों के बीच लंबी जद्दोजहद के बीच देर शाम किसान शांत हो गए।
अफसरों के आश्वासन पर धरना समाप्त कर दिया गया। किसान नेता विनोद कुमार, कैलाश लांबा ने कहा कि 15 अगस्त तक समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो 16 अगस्त को राष्ट्रीय अध्यक्ष सरदार वीएम सिंह के नेतृत्व में एमडी मेरठ कार्यालय पर आंदोलन किया जाएगा। धरने पर जिला प्रभारी राजपाल भगतजी, संजीव चौधरी, नरेंद्र सिंह, राकेश कुमार, खिलेंद्र, इरफान अहमद, उदित प्रधान, ब्रजपाल सिंह आदि रहे।