अफजलगढ़ के गांव नवाबाद में गन्ने के खेतों में घुसे हाथी।
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हाथियों ने गन्ने एवं गेहूं की 18 बीघा फसल रौंदी
अफजलगढ़ (बिजनौर)। हाथियों के झुंड ने गांव नवाबाद में एक किसान के गन्ने के खेत में घुसकर 15 बीघा गन्ने की फसल बर्बाद कर डाली और एक किसान की गेहूं की तीन बीघा फसल रौंद दी। हवाई फायरिंग करके हाथियों को खदेड़ा गया। किसानों ने वन विभाग के अधिकारियों से शीघ्र फसलों के मुआवजे व समस्या के समाधान की मांग की है।
चार हाथियों का एक झुंड जंगल से निकल कर गांव नवाबाद में खेतों में आ घुसा। हाथियों ने गांव निवासी भगवान सिंह की 15 बीघा गन्ने की फसल रौंद कर बर्बाद कर दी। काफी शोर मचाने व मशक्कत के बाद भी हाथी घंटों खेत में फसल बर्बाद करते रहे। गांववासियों ने वन विभाग के अधिकारियों को सूचना दी। वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और हाथियों को खेत से जंगल की ओर खदेड़ने का प्रयास किया। काफी शोर मचाया और हवाई फायरिंग की गई तब कहीं बमुश्किल घंटों बाद हाथी खेत से निकल पाए और जंगल की ओर चले गए। गांव के ही दर्शन सिंह की तीन बीघा गेहूं की फसल भी नष्ट कर दी।
गांववासी भगवान सिंह, केवल सिंह, दर्शन सिंह, गुड्डू जरनैल सिंह, अवतार सिंह तथा साहब सिंह आदि का कहना है कि अक्सर हाथी व अन्य जंगली जानवर उनके खेतों में घुस जाते हैं और उनकी गेहूं धान व गन्ने की फसलों को बर्बाद कर देते हैं। गांव वालों ने जंगली जानवरों द्वारा किए फसलों के नुकसान का मुआवजा तथा सोलर फेसिंग कराकर समस्या के स्थाई समाधान की मांग की है। अमानगढ़ रेंजर राकेश कुमार शर्मा ने बताया कि मादा हाथी के साथ उसके बच्चे थे, जिन्हें सुरक्षित जंगल की ओर खदेड़ दिया है। किसानों के मुआवजे के लिए नुकसान की पैमाइश कराकर नियमानुसार मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा।