हीमपुर दीपा/छाछरी मोड़। बुधवार की रात आई आंधी से बुरी तरह प्रभावित हुई 50 गांवों की बिजली आपूर्ति दो दिन बाद बाद भी सुचारू नहीं हो पाई। ग्रामीण भीषण गर्मी से बिलबिला गए हैं। ग्रामीण अपने मोबाइल फोन तक चार्ज नहीं कर पा रहे हैं।
आंधी से बिजलीघर उलेढ़ा, सिसौना एवं लदुपुरा के हजारों उपभोक्ताओं को की जा रही बिजली आपूर्ति जगह-जगह खंभे उखड़ने, लाइन क्षतिग्रस्त होने के कारण ठप हो गई थी। दो दिन बाद भी आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी। चिलचिलाती गर्मी से लोग बिना बिजली के त्रस्त हो गए हैं। रात्रि में लोग अपने मकानों की छतों पर जैसे-तैसे रात काट रहे हैं। ग्रामीणों के समक्ष पेयजल का संकट खड़ा हो गया है। यहां तक कि मोबाइल चार्जिंग न होने से उनका एक-दूसरे से संपर्क भी कट गया है।
उपभोक्ताओं का कहना है कि क्षेत्र की एक फैक्टरी की बाधित आपूर्ति को बिजली अधिकारियों ने मात्र छह घंटे में ही सुचारू कर दिया, लेकिन दो दिन बाद भी 50 गांवों की बिजली आपूर्ति सुचारू नहीं हो सकी। उलेढ़ा बिजलीघर के जेई अजय कुमार ने बताया कि अभी क्षेत्र को बिजली सुचारू कराने में दो दिन का समय और लगेगा। उन्होंने उपभोक्ताओं से संयम बरतने की अपील की है।
वहीं, तेज आंधी से क्षेत्र के सब्दलपुर, छाछरी मोड़-स्याऊ, हीमपुर-सब्लदपुर मार्ग, मुबारकपुर कला आदि के व्यस्त रास्तों पर टूटे पड़े बिजली के खंभों तथा क्षतिग्रस्त लाइनों को बिजली विभाग अभी तक नहीं हटवा पाया। क्षेत्र के मोहम्मद सलीम एजाज अहमद नदीम मलिक शहजाद साजिद कय्यूम, मनोज ढाका, हिमांशु, देवेंद्र सिंह, अजीत सिंह, समर सिंह, विपिन ठाकुर, आले हसन, राजेंद्र ठाकुर, अशोक चिकारा आदि ने जिला प्रशासन से प्रभावी कार्रवाई की मांग की है।