बिजनौर में चार साल की बच्ची के साथ दुराचार करने के आरोपी को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। एडीजे संदीप जैन ने उम्रकैद के साथ 30 हजार रुपये के अर्थदंड का भी आदेश दिया है।
यह घटना अगस्त 2014 की है। चांदपुर क्षेत्र के एक गांव की चार वर्षीय बच्ची अपनी मां और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ शाम को मेला देखने गई थी। मेले में चल रहे भजन संध्या कार्यक्रम में बच्ची रोने लगी। उसकी मां ने उसे चुप कराने का काफी प्रयास किया।
इसी दौरान पास में बैठा चांदपुर निवासी सोनू वर्मा उस बच्ची को यह कहकर ले गया कि वह उसे कोल्ड ड्रिंक पिलाकर लाएगा। काफी समय बीतने के बाद भी वह बच्ची को लेकर नहीं आया तो परिवार वाले बच्ची की तालाश में जुट गए। सुबह उनके पड़ोसी ने सूचना दी कि बच्ची नलकूप पर बैठी हुई है। परिवार वाले
सूचना मिलने पर तुरंत वहां पंहुचे। बच्ची को घर लेकर आए तो परिवार वालों को उसके साथ दुष्कर्म का पता चला। इसके बाद उन्होंने आरोपी सोनू के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। ज्येष्ठ अभियोजन अधिकारी अहसान अहमद के मुताबिक एडीजे कोर्ट ने हुए आरोपी को दोषी करार दिया आैर उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई।