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शीतलहर से सर्दी का सितम जारी, धूप रही बेजान

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बिजनौर में कड़ाके की ठंड में गर्म कपड़ों में लिपटकर जाती युवतियां। - फोटो : BIJNOR
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शीतलहर से सर्दी का सितम जारी, धूप रही बेजान
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बिजनौर। जिले में शीतलहर का प्रकोप जारी है। दोपहर करीब 12 से धूप तो निकली, लेकिन सर्दी का सितम जारी है। इस समय भीषण ठंड पड़ने से सुबह की सैर करने वाले लोगों की संख्या में काफी कमी आई है। जिले में बुधवार को न्यूनतम तापमान 5.2 डिग्री सेल्सियस था, जबकि बुधवार को यह घटकर 4.6 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया।
पिछले करीब एक सप्ताह से भीषण ठंड पड़ रही है। इससे लोगों का जीना मुहाल हो गया है। बुधवार को जिले का न्यूनतम तापमान 5.2 डिग्री सेल्सियस था, जबकि बृहस्पतिवार को यह और घटकर 4.6 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। बृहस्पतिवार को जिले का न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 12.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सुबह के समय की आर्द्रता 97 और दोपहर की आर्द्रता 75 प्रतिशत रही। सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहे। कोहरा तो नहीं आया, लेकिन बादलों ने सूरज को नहीं निकलने दिया। दोपहर करीब 12 बजे सूर्य देवता ने दर्शन दिए। इससे थोड़ी राहत जरूरी मिली, लेकिन पूरे दिन ठिठुरन बरकरार रही। इस गलन भरी ठंड से सुबह की सैर करने वालों की संख्या में भी अच्छी खासी कमी आई।
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सुबह सैर करने वालों की संख्या घटी
गोविंदा मॉर्निंग क्लब के अध्यक्ष राकेश कुमार शर्मा के अनुसार करीब एक सप्ताह पूर्व तक नेहरू स्टेडियम में सुबह की सैर करने वाले करीब 250 लोग आते थे, लेकिन अब पड़ रही ठंड के कारण इनकी संख्या घटकर लगभग 100 के आसपास भी नहीं पहुंच रही है।
पंडित चंद्रकांत आत्रेय अस्पताल के संचालक एवं क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ डा. अवधेश वशिष्ठ ने बताया कि ऐसे में सुबह की सैर करना हृदय और सांस के रोगियों के लिए काफी नुकसानदायक है। साथ ही ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए भी कोहरा और ठंड बेहद ही घातक हो सकती है। उन्होंने बताया कि ऐसे रोगियों के ठंड के अधिक संपर्क में रहने से सांस के रोगियों की मौत तक हो जाती है। ऐसे रोगी ठंड से बचकर रहें।
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शीत लहर का प्रकोप जारी
नींदडू़। शीत लहर का प्रकोप बृहस्पतिवार को भी जारी रहा। सुबह से छाया कोहरा दोपहर पौने दो बजे समाप्त हुआ। इसके बाद धूप निकल आई। हाड़ कंपा देने वाली शीतलहर के चलते धूप में बैठने से भी राहत नहीं मिली। इसस कारण लोगों को दिन भर गर्म वस्त्र धारण करने के लिए मजबूर होना पड़ा।

बिजनौर में कड़ाके की ठंड से बच्चे को बचाती युवती।- फोटो : BIJNOR

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