महाराष्ट्र से ट्रक से आए मजदूरों की जांच की
नगीना। महाराष्ट्र सहित देश के विभिन्न राज्यों से लोगों का अपने घर नगीना पहुंचने का सिलसिला जारी है। सीएचसी में सभी की जांच कराई गई।
मंगलवार को विभिन्न राज्यों से नगीना पहुंचे प्रवासी मजदूरों को अपना स्वास्थ्य परीक्षण कराने के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में दिन भर लाइन में लगना पड़ा। इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का भी कोई ख्याल नहीं रखा गया। महाराष्ट्र से एक ट्रक में बैठकर नगीना देहात अपने घर जा रहे महिलाओं, पुरुषों व बच्चों से भरे ट्रक को पुलिस ने नगीना कोतवाली फाटक के पास रोककर सभी को सीएचसी भिजवाया। जहां चिकित्सा प्रभारी डॉक्टर नवीन कुमार ने सभी का थर्मल स्कैनिंग द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण किया।
होम क्वारंटीन कराया गया
कोतवाली देहात। क्षेत्र कई गांव में विभिन्न राज्यों से पहुंचे 221 प्रवासी कामगारों को प्रारंभिक जांच के बाद होम क्वारंटीन रहने को कहा गया है। थाना क्षेत्र के गांव श्यालूनंगला, करौंदा पच्दू, पित्तानहेड़ी जियां, करौंदा चौधर, मिलक कद्दूस, कस्बा कोतवाली देहात, मानपुर व शेखपुरा तुर्क आदि गांव में मुंबई, पुणे, पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड एवं देश के अन्य राज्यों से लौटकर आने का सिलसिला जारी है। जिसके चलते मंगलवार को लगभग 221 प्रवासी मजदूर पीएचसी कोतवाली देहात पहुंचे। पीएचसी प्रभारी प्रमोद कुमार ने बताया कि प्राथमिक जांच के बाद सभी को 21 दिन के लिए होम क्वारंटीन रहने के लिए कहा गया है। अब तक प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र कोतवाली में 601 मजदूरों की प्रारंभिक जांच की गई है।
मजदूरों को घर भिजवाया
नगीना। नगीना के पैराडाइज बैंक्वेट हॉल के आइसोलेशन वार्ड में क्वांरटीन बिहार के 36 मजदूरों को प्रशासन ने ट्रेन द्वारा उनके घर भिजवा दिया है। तहसीलदार हामिद हुसैन ने बताया की मंगलवार सुबह बिहार के रहने वाले 36 मजदूरों को बस द्वारा रामपुर भेज दिया गया है। जहां से ट्रेन से बिहार के लिए जाएंगे।
नगीना के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर महाराष्ट्र व अन्य राज्यों से स्वास्थ्य परीक्षण के लिए पह- फोटो : BIJNOR