बिजनौर के रंगमंच पर उतरेंगे अभिज्ञान शाकुंतलम् के पात्र
बिजनौर। महाकवि कालिदास के विश्वविख्यात नाट्य काव्य अभिज्ञान शाकुन्तलम् के पात्र बिजनौर के रंगमंच पर दिखाई देंगे। बिजनौर क्लब और दुष्यंत कुमार पुस्तकालय के बीच एक मिनी ओपन थियेटर बनाया जाएगा। इससे जहां स्थानीय नाट्य कलाकारों को बढ़ावा मिलेगा, वहीं यह मंच बिजनौर की सांस्कृतिक और पौराणिक कथाओं को लोगों के साथ लाने का काम भी करेगा। डीएम उमेश मिश्रा ने इसका प्रस्ताव तैयार किया है। संभावना जताई जा रही है कि शीघ्र ही इस पर काम शुरू हो जाएगा।
बिजनौर जिले में ऐसी तमाम ऐतिहासिक, पौराणिक, सांस्कृतिक धरोहर हैं, जिनके बारे में जिले के लोग ही बहुत कम जानते हैं। इनमें गंगा और मालन के मिलन पर राजा दुष्यंत और शकुंतला का मिलन हो, महात्मा विदुर की कुटी से जुड़ी महाभारत काल की कथाएं हों या जिले के साहित्य के क्षेत्र में हुए कवि दुष्यंत कुमार जैसे बड़े नाम। इसका एक कारण यह भी माना गया है कि जिले में इनसे जुड़े कार्यक्रम ही बहुत कम होते हैं। खासतौर पर नाट्य के क्षेत्र में इनकी मौजूदगी जिला मुख्यालय पर लगभग शून्य ही नहीं है। क्योंकि जिला मुख्यालय पर ऐसा कोई मंच ही नहीं है, जहां इन कथाओं को कलाकार लोगों के सामने ला सके। हाल ही में दुष्यंत कुमार पुस्तकालय और सांस्कृतिक केंद्र के उद्घाटन के बाद इसके लिए भी उम्मीद जगी है। डीएम उमेश मिश्रा ने बिजनौर क्लब और दुष्यंत कुमार पुस्तकालय के बीच मिनी ओपन थियेटर बनाने का प्रस्ताव तैयार किया है। इसके लिए पुस्तकालय और क्लब के बीच खड़ी दीवार को भी तोड़ा जाएगा, ताकि मिनी थियेटर में कलाकारों को मंच के साथ-साथ दर्शकों के बैठने के लिए भी पर्याप्त जगह मिल सके। (संवाद)
जिले का पहला थियेटर होगा
बिजनौर जिले में नाट्य कलाकार तो खूब हैं, लेकिन जिले में उनकी कला को बढ़ावा देने को कोई मंच नहीं था। जहां वह अभ्यास और अपने नाटक प्रस्तुत कर सकें। दुष्यंत कुमार पुस्तकालय की जमीन पर यह जिले का पहला थियेटर बनाया जाएगा। हालांकि आसपास के जिलों में भी थियेटर न होने की बात कही जाती है। ऐसे में बिजनौर जिला कला के क्षेत्र में नया आयाम गढ़ सकता है।
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वर्जन
हमने पुस्तकालय और क्लब के बीच खाली पड़ी जमीन पर मिनी ओपन थियेटर बनाने की योजना बनाई है। इसका मकसद इस पूरे परिसर को सांस्कृतिक क्रियाकलाप की पवित्र स्थली के रूप में विकसित करना है। यहां पर साहित्यिक, सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए प्रयास किया जा रहा है।
- उमेश मिश्रा, डीएम बिजनौर