फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bijnor: बेटे ने ही की मां की हत्या, गुलदार के हमले की कहानी रची झूठी कहानी, मुआवजे के लिए किया हंगामा

Wed, 22 Jul 2026 11:39 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिजनाैर

सार

बिजनौर के हीमपुर दीपा में गुलदार के हमले में वृद्धा की मौत का मामला झूठा निकला। पुलिस के अनुसार बेटे ने पांच लाख रुपये के मुआवजे के लालच में मां की गला दबाकर हत्या की और गुलदार के हमले की कहानी रची।
विज्ञापन
मां का शव मिलने के बाद रोने का नाटक करता रहा बेटा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बिजनौर के हीमपुर दीपा क्षेत्र में 65 वर्षीय बीरो देवी की गुलदार के हमले में मौत का मामला झूठा निकला है। पुलिस के अनुसार वृद्धा की हत्या उसके छोटे बेटे बहाल सिंह उर्फ मनिया ने ही की थी।

विज्ञापन


पांच लाख रुपये के मुआवजे के लालच में उसने मां की गला दबाकर हत्या की और घटना को गुलदार के हमले का रूप देने की कोशिश की। पुलिस ने आरोपी बेटे को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।

यह भी पढ़ें: UP: डीजीपी अनुराग धनखड़ को अंतिम विदाई, अंतिम दर्शन के लिए उमड़े लोग, राजकीय सम्मान के साथ होगा अंतिम संस्कार

विज्ञापन

गुलदार के हमले की रची झूठी कहानी
सोमवार देर शाम गांव अजुपुरा जट के जंगल में बीरो देवी की मौत के बाद उसके बेटे बहाल सिंह ने गुलदार के हमले की बात कही थी। इसके बाद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी वन विभाग तथा प्रशासन को दी गई।बहाल सिंह ने अधिकारियों के सामने भी मुआवजे की मांग को लेकर हंगामा किया था। उसने घटना को गुलदार का हमला बताते हुए मुआवजे की मांग उठाई। अधिकारियों की ओर से मुआवजे को लेकर लिखित आश्वासन दिए जाने की बात भी सामने आई थी।

पांच लाख रुपये के लालच में मां की हत्या
पुलिस के अनुसार प्रारंभिक पूछताछ में बहाल सिंह ने ग्रामीणों के सामने अपनी मां की हत्या करने की बात स्वीकार की है। उसने बताया कि वह लालच में आ गया था और पांच लाख रुपये के मुआवजे के लिए उसने मां की गला दबाकर हत्या कर दी।इसके बाद उसने लोगों को गुमराह करने के लिए गुलदार के हमले में मां की मौत होने का शोर मचा दिया। इससे ग्रामीण और अधिकारी भी शुरुआती तौर पर घटना को गुलदार का हमला मानकर जांच में जुट गए थे।

विज्ञापन

जंगल में गुलदार को पकड़ने के लिए लगाया पिंजरा - फोटो : अमर उजाला

पहले से संदिग्ध मान रहा था वन विभाग
बीरो देवी की मौत के बाद वन विभाग ने भी घटना को संदिग्ध माना था। वन विभाग के अधिकारियों का कहना था कि मृतका के शरीर पर गुलदार के पंजों के निशान नहीं मिले थे। इसी वजह से घटना की परिस्थितियों को लेकर संदेह बना हुआ था।

क्षेत्राधिकारी देश दीपक ने बताया कि घटना में मृतका का छोटा पुत्र बहाल सिंह उर्फ मनिया शामिल है। उसने मुआवजे के लालच में अपनी मां की गला दबाकर हत्या की है। पुलिस के अनुसार मामले का विस्तृत खुलासा किया जाएगा।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें