शहर के छह स्कूल बनाए जाएंगे आदर्श स्कूल
बिजनौर। शहर के छह स्कूलों को आदर्श स्कूल बनाया जाएगा। इनमें इंग्लिश मीडियम की तर्ज पर क्लास रूम तैयार होंगे। उनके वॉलपेंटिंग से लेकर सुंदर पार्क तक बनाया जाना है। यह योजना कागजों से निकलकर अब धरातल की ओर बढ़ चुकी है। प्रशासन ने शहर के सबसे खराब हालत के स्कूलों को चुनकर उन्हें गोद लिया है और इनका कायाकल्प कराने के लिए 60 लाख रुपये के टेंडर हो गए हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि जब तक स्कूल खुलेंगे, तब तक इनकी सूरत बदल चुकी होगी।
सरकार के ऑपरेशन कायाकल्प में एसडीएम सदर एवं ज्वाइंट मजिस्ट्रेट विक्रमादित्य सिंह मलिक ने शहर के छह सरकारी स्कूलों को गोद लिया था। इनमें कांशीराम कॉलोनी, पुलिस लाइन, चाहशीरी, मिर्दगान और जाटान के सरकारी स्कूल शामिल हैं। इनमें अवस्थापना विकास निधि के तहत काम कराए जाने हैं। तैयारी यह हो रही है कि केवल इनमें मरम्मत के काम ही नहीं, बल्कि इन्हें ऐसे संवारा जाए कि यह जिले के लिए नजीर बन जाएं। इसके लिए कई विशेषज्ञों की मदद भी ली जा रही है, जो मौजूदा हालत और जमीन में ही इन्हें इन्हें इंग्लिश मीडियम स्कूल का लुक दे सकें। इसके अंतर्गत बच्चों के लिए पर्याप्त क्लास रूम, खेलने के लिए पार्क, बेहतर शौचालय, टाइल्स, वॉलपेंटिंग, बाउंड्री, ग्रीनरी, पेयजल व्यवस्था आदि की जाएगी।
स्कूलों के क्या हैं हालात
इस समय कम्पोजिट स्कूल कांशीराम कॉलोनी चांदपुर रोड में दो शिक्षक कार्यरत हैं और वहां करीब सौ बच्चों का एडमिशन है। इसके अलावा प्राथमिक विद्यालय कांशीराम कॉलोनी बैराज रोड में स्थायी शिक्षक तो तैनात नहीं हैं, लेकिन यहां अटैचमेंट पर कुछ शिक्षक करीब 80 बच्चों को पढ़ाते हैं। कम्पोजिट स्कूल पुलिस लाइन में दो शिक्षक और दो शिक्षामित्र हैं और यहां करीब 140 बच्चे पढ़ रहे हैं। राजकीय कन्या बेसिक प्राइमरी स्कूल चाहशीरी में समायोजन पर शिक्षक हैं और करीब 32 बच्चे पढ़ रहे हैं। कम्पोजिट स्कूल मिर्दगान में दो शिक्षक और एक शिक्षामित्र हैं और करीब 200 बच्चे पढ़ रहे हैं। वहीं प्राथमिक विद्यालय जाटान प्रथम में एक शिक्षक और एक शिक्षामित्र हैं और करीब 55 बच्चें पढ़ रहे हैं।
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इन स्कूलों के कायाकल्प के लिए करीब 60 लाख रुपये के टेंडर हुए हैं। शहर में करीब 14 स्कूल हैं, जिनमें से सबसे खराब हालत के हमने छह स्कूल चिह्नित कर उन्हें गोद लिया है। जल्द ही काम कराया जाएगा और इन्हें एक मॉडल स्कूल के तौर पर प्रस्तुत किया जाएगा - विक्रमादित्य सिंह मलिक, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट एवं एसडीएम सदर