बिजनौर में अपर जिला अधिकारी ने गुंडा एक्ट में निरूद्घ किए गए 22 अपराधियों को छह महीने के लिए जिला बदर किया है। नवाजुद्दीन निवासी रवाना सिकारपुर, माजिद हसन निवासी मकसूदपुर, दानिश उर्फ भूरा निवासी मोहल्ला बंदूकचियान धामपुर, कासिम निवासी मकसूदपुर को जिला बदर किया गया। वहीं फरीद निवासी मकसूदपुर, शकील निवासी मिलक जहांगीराबाद, प्रियांश निवासी महमदाबाद, फईम निवासी बंदूकचियान, मशरूफ निवासी अनीशानंगली को भी जिला बदर किया गया है।
इनके अलावा फतेहपुर धारा के राजेंद्र सिंह, पाड़ला के जब्बार, लोदीपुर मिलक के सलमान, माहल्ला खुराड़ा शेरकोट के मोहम्मद शुऐब, शेरकोट के नासिर मिर्जा और गामड़ी पनयाला के शाकिर को जिला बदर किया गया। इनके अलावा अकरम निवासी रहटा बिलौच, सबरे निवासी लोदीपुर मिलक, सलीम निवासी इसलामाबाद, आकिब निवासी गुहाबर, नकुल कुमार निवासी नहटौर, अकिल निवासी नूरपुर और दीन मोहम्मद निवासी तिमरपुर को छह महीने के लिए जिला बदर कर दिया गया है।
जिला बदर क्या होता है
जिला बदर वो प्रशासनिक कार्यवाही है, जिसमें आपराधिक प्रवृत्तियों में लिप्त व्यक्तियों को कुछ निर्धारित समय के लिए जिला से बाहर कर दिया जाता है। यह कार्यवाही जिला के वरीय अधिकारियों द्वारा की जाती है। ऐसा ज्यादातर चुनाव के समय किया जाता है।