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फैजान मलिक व उसके साथियो के खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोट दर्ज

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फैजान मलिक और साथियों पर गंभीर धाराएं
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अमर उजाला ब्यूरो
बिजनौर।
ट्रेन में कथित रेप की घटना को लेकर फेसबुक व सोशल मीडिया पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और धर्म विशेष के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट करने वाले सपा नेता फैजान मलिक व उनके साथियो के खिलाफ शहर कोतवाली में संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज हुई है। पुलिस अब तक आरोपियों का पता लगाने में नाकाम रही है।
29 मई को ट्रेन में महिला के साथ कथित रेप की घटना को लेकर गांव झलरा निवासी फैजान मलिक ने भी साथियों के साथ जिला अस्पताल में हंगामे के दौरान जमकर जहर उगला था। उन्होंने फेसबुक व सोशल मीडिया पर भी धर्म विशेष के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट की। एक जून को हिंदू युवा वाहिनी के मंडल प्रभारी के नेतृत्व में शहर कोतवाली में सीओ सिटी असित श्रीवास्तव को पैजान मलिक व साथियो के खिलाफ तहरीर दी गई थी।
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शनिवार को फैजान मलिक व उनके साथियों के खिलाफ दरोगा आशीष तोमर की ओर से धारा 295ए, 153, 505(2) सूचना तकनीक अधिनियम 2000 की धारा 66 के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि फैजान मलिक के फेसबुक व सोशल मीडिया पर धर्म विशेष के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने से विभिन्न धर्मों के लोग आहत हुए हैं। फैजान मलिक ने विभिन्न धर्मों के बीच घृणा व वैमनस्य फैलाने का काम किया है।

सपा सरकार के दौरान भी रहे बदनाम
फैजान मलिक सपा सरकार के दौरान तत्कालीन विधायक रुचि वीरा के नजदीक माने जाते रहे हैं। तब भी वह आपत्तिजनक टिप्पणी करने के लिए बदनाम थे। कई बार फैजान की हरकतों का विरोध हुआ, पर शिकंजा नहीं कसा गया। फैजान की हरकतें बढ़ती गईं। प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद भी फैजान मलिक की हरकतें कम नहीं हुईं। अब उनकी ओर से सपा नेताओं ने भी हाथ खड़े कर लिए हैं।
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सपा से नहीं फैजान का कोई वास्ता
फैजान मलिक भले खुद को सपा नेता बताते हों, पर सपा जिलाध्यक्ष अनिल यादव के मुताबिक, फैजान का सपा से कोई वास्ता नहीं हैै। फैजान सपा के किसी पद पर नहीं हैं। न ही वह पार्टी के किसी कार्यक्रम में जाते हैं। पार्टी से उनका कोई मतलब नहीं है। पार्टी किसी मामले में उनकी मदद को आगे नहीं आएगी।

फेसबुक और सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट कर नफरत फैलाने की कोशिश का है आरोप
- आरोपी और साथियों का पता लगाने में पुलिस अब तक नाकाम
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