बिजनौर। जिला उपभोक्ता फोरम ने वाहन चालक की दुर्घटना में हुई मौत के मामले में बीमा कंपनी को 30 दिन के अंदर बीमा क्लेम कर निस्तारण करने के निर्देश दिए हैं।
नजीबाबाद के गांव हकीमपुर काजी निवासी अनीता देवी ने फोरम में दाखिल अपने परिवाद में कहा था कि उसके पति सुनील कुमार कंटेनर चालक थे। 21 अक्तूबर 2016 को नजीबाबाद आते समय पिकअप से हुई भिडंत में उनकी मौत हो गई थी। दुर्घटना की एफआईआर हुई और उसके पति का पोस्टमार्टम भी हुआ। जिस वाहन को उसके पति चला रहे थे, उसका नेशनल इंश्योरेंस कंपनी की ओर से बीमा था। जिसमें वाहन चालक का एक लाख रुपये का बीमा कवर था। बीमा कंपनी को सूचना दिए जाने के बाद भी एक लाख रुपया नहीं दिया गया। बीमा कंपनी का इस मामले में कहना था कि ड्राइवर सुनील कुमार की मौत की उन्हें सूचना नहीं दी गई है। इसलिए कोई बीमा क्लेम पंजीकृत नहीं हुआ।
इस मामले में दोनों पक्षों को सुनने के बाद जिला उपभोक्ता फोरम के अध्यक्ष एचजेएस सुधीर कुमार, सदस्य कविता देवी ने अपने निर्णय में लिखा है कि उपलब्ध साक्ष्य से यह साबित होता है कि वाहन चालक सुनील कुमार की मौत दुर्घटना में हुई चोट से हुई है और दुर्घटनाग्रस्त वाहन नेशनल इंश्योरेंस कंपनी द्वारा बीमित था। बीमा कंपनी के यहां परिवादी का क्लेम पंजीकृत नहीं हो पाया। इसलिए फोरम बीमा कंपनी को यह आदेश देती है कि बीमा क्लेम पंजीकृत कर नियमानुसार उसका निस्तारण करे।