बिजली विभाग में बिजली बिल की रसीदों में फर्जीवाड़ा उजागर हुआ है। दलालों और विभाग की मिलीभगत से उपभोक्ता को करीब 83 हजार रुपये की फर्जी रसीदें थमा दी गई हैं। इसका खुलासा बिल जमा करने के बाद भी उपभोक्ता के पास बकाया बिल पहुंचने पर हुआ। इसके बाद विभाग में हड़कंप मच गया। बिजली विभाग के अधिकारियों ने शहर के दो लोगों पर फर्जी रसीदें तैयार कर सरकारी पैसा गबन करने का आरोप लगाकर कोतवाली में तहरीर दी है।
शहर के मोहल्ला दानिशमंदान निवासी कामरान ने पिछले दिनों बिजली विभाग के उच्चाधिकारियों से शिकायत की थी कि उसने पड़ोसी उपभोक्ता यामीन का बिजली जमा करने के लिए फहीम नाम के व्यक्ति को पैसे दिए थे। जिसने विभागीय कर्मचारियों के साथ मिलकर फर्जी रसीदें उपभोक्ता को दे गई हैं। इसके बाद मसले की जांच अमरोहा एक्सईएन एके चौरसिया को सौंपी गई। एक्सईएन ने कामरान और फहीम को बुलाकर पूछताछ की। जिसमें कामरान ने बताया कि उसने पैसे फहीम को दिए है। जबकि फहीम ने बताया कि उसने टीजी टू अशोक कुमार को पैसे दिए थे। इस मामले में एक्सईएन ने खुद के कर्मचारी को बचाते हुए कामरान व फहीम के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी है। शहर कोतवाली के एसआई रमेश चंद ने बताया कि फर्जी रसीदें देकर उपभोक्ता के हजारों रूपए ठग लिए है। कामरान की शिकायत पर फहीम और बिजली विभाग के कर्मचारी पर न्यायालय ने रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश दिया है। जिसकी जांच चल रही है। जबकि एक्सईएन के शिकायती पत्र की जांच सीओ ऑफिस से की जा रही है।