मोढ़। भदोही कोतवाली के मकनपुर गांव में सोमवार की रात में खंभे से ट्रांसफाॅर्मर चोरी का मामला आया। चोरों ने करीब 250 किलोग्राम के ट्रांसफाॅर्मर को खंभे से नीचे उतार कर तेल और उपकरण चुरा लिया। उसके बाद खाली ट्रांसफाॅर्मर को एक खेत में छोड़कर भाग गए। मंगलवार को सुबह पुलिस ने मौका-मुआयना किया।
मकनपुर गांव निवासी पवन यादव ने बताया कि सिंचाई के लिए उनकी पाही पर मशीन है। जिसके लिए एक अलग से 25 केवीए का ट्रांसफाॅर्मर लगा है। यह फत्तूपुर उपकेंद्र से जुड़ा है। दावा किया जा रहा है कि चोरों ने पहले मेन लाइन के तार को काटा। उसके बाद खंभे पर लगे ट्रांसफाॅर्मर को चुरा कर चले गए। पाही से करीब 150 मीटर दूर एक खेत में लेकर पहुंचे और वहां पर उसका तेल और कॉपर इत्यादि निकाल लिए। वहीं ट्रांसफाॅर्मर खेत में छोड़ दिया। 15 दिन पूर्व ऐसे ही एक मशीन पर चोरी हुई थी।
उसका अभी तक पता नहीं चल सका है। 250 किलो के ट्रांसफाॅर्मर को खंभे से उतारकर चोरी करना बिजली कर्मियों की संलिप्तता की ओर से ईशारा कर रहा है। निगम के उच्चाधिकारी ने भी मामले को लेकर संलिप्तता से इन्कार नहीं किया है। प्रभारी निरीक्षक शैलेश राय ने बताया कि चौकी पुलिस ने मौका-मुआयना किया है। मामले की जांच की जा रही है। इसके पूर्व भी ट्रांसफाॅर्मर के तेल चोरी, उपकरण चोरी का मामला भी आ चुका है। जिसमें विभागीय स्तर से कर्मियों पर कार्रवाई की गाज भी गिर चुकी है।
कराई जाएगी जांच
भदोही फत्तूपुर फीडर के जेई मनोज कुमार मौर्य ने बताया कि मामले की जानकारी हुई है। ट्रांसफाॅर्मर जहां स्थापित है वह आबादी से बाहर है। रात के समय बिजली आपूर्ति बाधित थी। हो सकता है इसी दौरान चोरों ने ट्रांसफाॅर्मर को निकाल लिया। इतने भारी ट्रांसफाॅर्मर और रोस्टर को लेकर सवाल पूछने पर कहा कि कर्मचारियों की संलिप्तता को लेकर कुछ कहा नहीं जा सकता। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी।
पूर्व में भी हुई हैं घटनाएं, जेई और एसएसओ हुए थे निलंबित
यह पहली बार नहीं है जब बिजली विभाग से संबंधित चोरी का मामला सामने आया है। 24 फरवरी 2026 को भदोही विद्युत वितरण खंड के ममहर उपकेंद्र पर तेल चोरी की घटना हुई थी। उस समय 10 केवी के ट्रांसफाॅर्मर से तेल चुराया गया था। जांच के बाद अधिशासी अभियंता एसके सिंह ने बिजली निगम के जेई भानु प्रताप सिंह और एसएसओ आलोक कुमार सिंह को निलंबित किया गया था। संविदा के एसएसओ मंडल मिश्रा, सूरज कुमार और लालमणि को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया था। इसी तरह, भदोही में बिजली निगम कार्यालय से भी उपकरणों की चोरी का मामला सामने आया था। उस मामले में भी संविदा लाइनमैनों को सेवा से बर्खास्त किया गया था।
बिजली कटौती की कैसे मिली जानकारी
भदोही फत्तूपुर फीडर के जेई मनोज कुमार मौर्य ने बताया कि उन्हें मामले की जानकारी मिली है। ट्रांसफाॅर्मर जहां लगा था, वह स्थान आबादी से काफी बाहर था। रात के समय उस क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बाधित थी। हो सकता है कि इसी दौरान चोरों ने ट्रांसफाॅर्मर को निकाल लिया हो। इतने भारी ट्रांसफाॅर्मर को खंभे से उतारना और बिजली कटौती की जानकारी होना, कर्मचारियों की संलिप्तता की ओर इशारा करता है। एक्सईएन एसके सिंह के अनुसार, रात 10:55 बजे से 11:50 बजे तक बिजली कटौती होनी थी। यह रोस्टर शुक्रवार से ही लागू हुआ था। उन्होंने बताया कि रोस्टर की जानकारी और कटौती संबंधित चीजें अंदर से ही चोरों को पता चली होंगी।
मामला संज्ञान में आने के बाद तत्काल प्राथमिकी दर्ज करा दी गई है। मामले में बिजली निगम के कर्मचारियों की संलिप्तता से इन्कार नहीं किया जा सकता, क्योंकि बिजली कटना और भारी ट्रांसफाॅर्मर को खंभे से उतारना सवालिया निशान खड़ा कर रहे हैं। पुलिस भी जांच कर रही है। अगर कोई बिजली कर्मी उसमें संलिप्त पाया जाता है तो संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी।
- एसके सिंह, एक्सईएन, बिजली, भदोही डिवीजन।