ज्ञानपुर। जिले के स्वास्थ्य केंद्रों पर ओपीडी व्यवस्था को चुस्त-दुरूस्त करने के लिए अब सीएमओ या एसीएमओ भी सप्ताह में एक दिन ओपीडी करेंगे। बृहस्पतिवार का दिन इसके लिए तय किया गया है। छह सीएचसी, 20 पीएचसी सहित कुल 235 स्वास्थ्य केंद्रों में से किसी एक केंद्र पर वे अचानक जाएंगे। मरीजों को देखने के साथ ही वहां की व्यवस्था को भी देखेंगे। कमी मिलने पर संबंधित अधीक्षक या प्रभारी से जवाब मांगेंगे।
जिले में महाराजा चेतसिंह जिला अस्पताल, महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय भदोही और सरपतहां स्थित सौ शय्या अस्पताल सहित छह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, 206 उप स्वास्थ्य केंद्रों सहित कुल 235 स्वास्थ्य केंद्र है। किसी एक स्वास्थ्य केंद्र पर स्वास्थ्य विभाग के एक प्रशासनिक अधिकारी ओपीडी करेंगे। इन केंद्रों पर रोजाना पांच हजार से 5500 की ओपीडी होती है। अमूमन सीएमओ को शिकायत मिलती रहती है कि ओपीडी में समय से डॉक्टर नहीं मिलते हैं। उपचार कराने में मरीज के पूरे दिन बीत जाते है। इसका मुख्य कारण है कि समय से डॉक्टर नहीं मिलते हैं, उपचार कराने में काफी समय लग जाता हैं। यदि मरीज को जांच लिख दिया गया तो पूरा दिन उपचार कराने में निकल जाते हैं। शासन का निर्देश है कि महीने में दो बार स्वास्थ्य महकमा के आलाधिकारियों जैसे सीएमओ, एसीएमओ, डिप्टी सीएमओ को ओपीडी करनी है। यदि सीएमओ और एसीएमओ बैठक या अन्य विभागीय कार्य के कारण शहर से बाहर रहेंगे तो अन्य प्रभारी चिकित्साधिकारी ओपीडी में बैठेंगे।
हर बृहस्पतिवार को खुद किसी न किसी अस्पताल में ओपीडी करुंगा, जिस अस्पताल में ओपीडी करनी है, वहां औचक पहुंचेंगे। बाहर रहने पर किसी अन्य एसीएमओ या डिप्टी सीएमओ ओपीडी में बैठेगे। कमियां मिलने पर कार्रवाई की जाएगी- डॉ. एसके चक, सीएमओ भदोही