भदोही तहसील में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ तहसील बार एसोसिएशन का विरोध प्रदर्शन बृहस्पतिवार को समाप्त हो गया। जिलाधिकारी आर्यका अखौरी के निर्देश पर भदोही तहसील पहुंचे अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) अनिल कुमार ने भ्रष्टाचार पर रोक के लिए कारगर कदम उठाने का आश्वासन दिया, तब जाकर अधिवक्ताओं ने आंदोलन समाप्त किया। अधिवक्ता सोमवार से न्यायिक कार्यों से विरत रह कर आंदोलन कर रहे थे।
बुधवार को बैठक कर अधिवक्ताओं ने बृहस्पतिवार को डीएम और मंडलायुक्त से मिल कर शिकायत करने की बात कही थी। हालांकि उससे पहले ही डीएम ने पूरे मामले का संज्ञान लेकर एडीएम न्यायिक को भदोही तहसील भेज दिया। जब वे यहां पहुंचे तो अधिवक्ता लामबंद होकर प्रदर्शन कर रहे थे। एडीएम न्यायिक ने तहसील सभागार में अधिवक्ताओं और तहसील अधिकारियों-कर्मचारियों के साथ बैठक की और बीच का रास्ता निकाला। तहसील बार के अध्यक्ष सूर्य प्रसाद द्विवेदी 12 सूत्रीय मांगपत्र पर अड़े रहे। चेतावनी दी कि अपना और वादकारियों का शोषण बर्दाश्त नहीं करेंगे। काफी देर विचार - विमर्श के बाद जब एडीएम न्यायिक ने उनकी सभी मांगों पर विचार करने और उन्हें 15 दिन के अंदर हल करने का आश्वासन दिया, तब जाकर अधिवक्ताओं ने आंदोलन खत्म किया। एडीएम ने दोनों ही पक्षों से बार और बेंच की गरिमा बनाए रखने का आह्वान किया। बार अध्यक्ष ने बताया कि भ्रष्टाचार में लिप्त कर्मचारियों को यहां से हटाने की मांग की गई है। कहा कि आंदोलन समाप्त होने से वादकारियों को राहत हुई है। इस मौके पर एसडीएम अश्विनी कुमार पांडेय, सीओ अजय कुमार, तहसीलदार सत्यपाल प्रजापति, नायब तहसीलदार, नितिन कुमार, बलवंत उपाध्याय, कोतवाल गगनराज सिंह, अधिवक्तागण प्रदीप उपाध्याय, रजनीश पांडेय, लालचंद सरोज, प्रसन्न कुमार मिश्रा, धनुषधारी सिंह, लालधर पांडेय, ओमप्रकाश, अरविंद सिंह, बांकेलाल यादव, परिमल श्रीवास्तव, अमित दूबे, अवध नारायण, दशरथ कुशवाहा, शिवप्रकाश सिंह, विनोद राय, नंदलाल राय आदि मौजूद थे।