भदोही के चौरी थाना क्षेत्र के दत्तिपुर बहरी में सोमवार को धान की रोपाई कर रहे मजदूरों की मट्ठा पीने पर हालत बिगड़ गई, जिसमें बालक सहित एक दर्जन से अधिक लोगों उल्टी होने लगी। दर्जनों लोगों को अचानक उल्टी करता देख मजदूर शोर मचाने लगे।
खेत मालिक ने मजदूरों की हालत देख तत्काल एम्बुलेंस और पुलिस को सूचना दी। सभी को एबुलेंस की मदद से सीएचसी भदोही में भर्ती कराया गया।
दत्तीपुर बहरी में सोमवार को राधेश्याम यादव के खेत में बड़ी संख्या में मजदूर धान की रोपाई कर रहे थे। मजदूरों में महिला पुरुष के साथ मौके पर उनके बच्चे भी थे। बताया जा रहा है कि रोपाई के दौरान खेत पूर्व प्रधान के पति मालिक राधेश्याम ने नाश्ता में मजदूरों को गुड़, लाई, चना के साथ मठ्ठा भी पीने को दिया था।
लाई, चना के बाद मजदूरों ने जैसे ही मट्ठा पिया, उनकी हालत बिगड़ने लगी। एक दर्जन से अधिक मजदूरों की हालत बिगड़ता देख हड़कंप मच गया। मजदूरों में कई महिलाओं ने अपने छोटे बच्चों को भी मट्ठा पिलाया था। जिससे उनकी भी तबियत बिगड़ गई।
एबुलेंस की मदद से भोनू बनवासी (70), जितेंद्र (28), प्रवीण कुमार (39), रबीना (16), वंदना (25), ज्ञानती (29), सबिता (14), सपना (14), बेबी (2), मुस्कान (4), नितेश (6), संध्या (4), आस्था (5), प्रति (3) और दिव्या (7) को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भदोही में भर्ती कराया गया।
मजदूरों का आरोप है कि मट्ठा कई दिनों पुराना था। सभी का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भदोही में सभी का इलाज चल रहा है।
चिकित्सा अधीक्षक समीर उपाध्याय ने बताया कि सभी की हालत खतरे से बाहर है। बताया कि फूड प्वाइजनिंग के कारण मजदूरी की हालत बिगड़ी है और सभी को ड्रिप के के साथ दवाएं भी दी जा रही है।