ज्ञानपुर। मौसम का मिजाज हर दूसरे दिन बदल रहा है। रविवार को भोर में तेज गरज के साथ दो घंटे से अधिक समय तक तेज आंधी और बारिश ने जिले में जमकर तबाही मचाई। कई स्थानों पर पेड़ उखड़ गए तो कई टीनशेड उड़ गए। चकटोडर गांव में महुआ के पेड़ पर बिजली गिरने से ध्वस्त हो गया। दोपहर बाद खिली धूप ने लोगों को परेशान किया।
मौसम का मिजाज हर रोज बदल रहा है। उमस और गर्मी के सीजन में पुरुआ हवाएं सुबह-सुबह लोगों में सिहरन पैदा कर रही हैं। रविवार को भोर में करीब चार बजे आसमान में काले बादलों संग तेज बिजली की गड़गड़ाहट शुरू हुई। किसान खेतों से खलिहान समेटने में जुट गए। सुबह छह बजे तक करीब दो घंटे तक कभी रुक -रुककर कभी तेज बारिश हुई। इस दौरान तेज आंधी से कई पेड़ उखड़ गए। ज्ञानपुर के चकटोडर गांव में विशालकाय महुआ का पेड़ बिजली की धमक से झुलस उठा। सुबह होने पर दर्जनों की संख्या में ग्रामीणों की भीड़ मौके पर पहुंच गई।
भुड़की गांव के खलिहान में मड़ाई के लिए रखी फसल भीग गई। सूफीनगर, गोधना, दरवांसी, मैलौना, ऊंज, कुरमैचा, नवधन, इटहरा, सोनपुर-कटरा, धनतुलसी, छेछुआ, बारीपुर, इटहरा, कूड़ीकला, कुलमनपुर, सरायजगदीश, सेमराध, गुलौरी, कलिंजरा, कोइरौना, सुभाषनगर, रोही आदि क्षेत्रों में जीवन-यापन करने वाले गरीब परिवार तबाही की भेंट चढ़ चुकी गृहस्थी को समेटने में लगे रहे। लेकिन खेतों में अभी तक पशुओं का निवाला भूसा 60 फीसद तक छोड़े रहने से बारिश की भेंट चढ़ गया।
राजमार्ग सहित सूफीनगर-जंगीगंज स्टेशन, पड़ाव-ज्ञानपुररोड स्टेशन, केड़वरिया-गोपीगंज नगर, अलमऊ हाल्ट मार्ग, वहिदानगर-दरवांसी मार्ग पर बारिश का पानी भर जाने से आवागमन बाधित रहा। चार पहिया वाहन कीचड़ और गंदे पानी से लबालब मार्ग से गुजरते रहे जो पैदल चलने वालों के लिए मुसीबत साबित हुए। नगर की गलियों में डंप कूड़े बजबजाकर मोहल्ले वासियों को सांस लेने की परेशानी बढ़ाया तो ग्रामीण इलाकों के कच्चे चकमार्ग का फिसलन देर शाम तक नहीं सूख सका।
भोर के समय एक साथ शुरू हुई आंधी और बारिश ने शार्टसर्किट को बढ़ावा देकर विद्युत उपकेंद्र वहिदानगर को लगभग 12 घंटे तक ब्रेक डाउन कर दिया। उपकेंद्र से जुड़े लगभग तीन सौ गांवों में करंट न पहुंचने के कारण हवा-पानी तक लोगों को नहीं मिल सका। उपकेंद्र से चलने वाले नया अरता, अकोढ़ा, रमईपुर, त्रिभुवनपुर आदि फिडर से जुड़े उपभोक्ता राजकुमार, प्रमोदचंद, कमलाशंकर, विनीत सिंह, अवध नारायण, प्रभावती देवी, अशर्फी देवी, जुलेखा बानो, इशरतजहां, तबस्सुम आदि ने बताया कि भोर लगभग चार बजे से ठप हुई बिजली सायं छह बजे तक नहीं सकी। तेज आंधी और बारिश के कारण जिले में गेहूं क्रय केंद्रों पर बोरियों में रखा गया सैकड़ों क्विंटल गेहूं भीग गया। गोपीगंज, जंगीगंज और सुरियावां क्रय केंद्रों पर एक जैसी स्थिति रही। जिला विपणन अधिकारी श्याम कुमार मिश्र ने कहा कि गेहूं को सुरक्षित रखा गया है। एकाध केंद्रों पर कुछ बोरी गेहूं भीगी है।