ज्ञानपुर। लॉकडाउन के दूसरे चरण में कुछ संस्थाएं उत्साहित होकर गरीबों तक राशन और लंच पैकेट पहुंचा रही है। शनिवार को अभोली, भदोही और डीघ ब्लॉक में जरूरतमंदों को पांच से सात दिनों का राशन उपलब्ध कराया गया। डीघ के बेरवां पहाड़पुर में एक युवक ने पत्नी के श्राद्ध पर लगने वाले अन्न को गरीबों को दान कर दिया, जबकि खेल संस्था धनक की ओर से 25 दिनों तक गरीबों को चिह्नित कर पदाधिकारी राशन पहुंचा रहे हैं।
व्यापार मंडल ज्ञानपुर की ओर से शनिवार को बनवासी बस्ती जोरई में 200 परिवारों को भोजन वितरण किया गया। संगठन के अध्यक्ष घनश्याम दास गुप्ता ने कहा कि भूखों को भोजन कराना सबसे बडा पुण्य है। इस मौके पर रंजीत गुप्ता, आनंद सोनी, मुकेश स्वर्णका, पवन श्रीवास्तव, राजू रावत, अबरार मंसूरी आदि रहे। भदोही ब्लॉक के मूंसीलाटपुर गांव की बिंद और विश्वकर्मा बस्ती में 100 गरीबों को राशन वितरित किया गया। संस्था के अध्यक्ष लालजी राय ने कहा कि संगठन के पदाधिकारी गरीबों को चिह्नित कर लोगों को राशन पहुंचा रहे हैं। इस मौके पर डॉ. श्याम राय, अर्जुन, रितेश, विशंभरनाथ राय आदि रहे। अभोली ब्लॉक के हरिकरनपुर गांव में शनिवार को थाना प्रभारी निरीक्षक खुर्शीद अंसारी की देखरेख में अमरनाथ दुबे ने 150 वनवासी परिवारों को लंच पैकेट वितरित किया। इस मौके पर हौसिला यादव, आकाश, श्याम प्यारे विश्वकर्मा, राजमणि चौबे, सुरेश दुबे, जलालुद्दीन, पुट्टी गौतम आदि रहे। डीघ विकास खंड के बेरवां पहाड़पुर गांव में पत्नी के वार्षिक श्राद्ध योगेंद्र पांडेय ने ब्राह्मण भोज का कार्यक्रम स्थगित करते हुए जरूरतमंदो को अनाज का वितरण किया। कहा कि लॉकडाउन का पालन कराने के लिए यह निर्णय लिया। ज्ञानपुर तहसीलदार देवेंद्र कुमार यादव को फोन कर के इस कार्यक्रम की सूचना दी। वह गांव में पहुंचे तो ग्रामीणों ने माल्यार्पण कर स्वागत किया। ज्ञानपुर तहसीलदार देवेंद्र यादव की गरीबों मजदूरों के प्रति उदारता देख कर गांव के लोग गदगद रहे। सीतामढ़ी के नारेपार गांव में भी लगभग 50 लोगों को अनाज का पैकेट दिया गया।