इसमें तीन पिकअप से 113 बोरी गेहूं, चावल और दो कुंतल चीनी बरामद हुई। इसमें 86 बोरी अनाज और दो कुंतल चीनी कोटे की दूकान की थी जबकि 27 बोरी चावल निजी था जिसे बाद में छोड़ दिया गया। मामले की छानबीन पूर्ति निरीक्षक और विपणन अधिकारी कर रहे हैं।
रविवार को दोपहर में मुखबिर की सूचना पर एसडीएम मनोज कुमार सिंह ने झौंवा गांव के पास एक पिकअप को पकड़ा। उसमें लदा 50 बोरी गेहूं समधा एफसीआई गोदाम से शिवरामपुर के कोटेदार लालमणि मौर्य के नाम से निकला था।
इसी तरह महराजगंज स्थित एक ढाबे पर खड़ी दो पिकअप को पकड़ा गया।
इसमें एक पिकअप में 36 बोरी चावल और दो कुंतल सरकारी चीनी भक्तापुर के कोटेदार धन बहादुर सिंह के नाम से निकला था। ये दोनों वाहन कोटेदारों के पास न जा कर अन्यत्र जा रहे थे।
इसी ढाबे से पकड़ी गई दूसरी पिकअप में 27 बोरी चावल बरामद हुआ। बाद में एक स्थानीय व्यापारी द्वारा मंडी के अभिलेख दिखाने पर उसके माल को छोड़ दिया गया। एसडीएम ने झौंवा गांव से पकड़े गए 50 बोरी गेहूं को वापस एफसीआई गोदाम भेज दिया गया, जबकि भक्तापुर के कोटेदार के नाम का 36 बोरी चावल और दो कुंतल सरकारी चीनी और पिकअप वाहन को थाने में जमा करा दिया।
एसडीएम के निर्देश पर एसओ औराई सत्येंद्र यादव, विपणन अधिकारी सत्येंद्र सिंह और पूर्ति निरीक्षक रुचि मिश्रा ने थाने में जा कर अनाज की छानबीन की। एसडीएम औराई मनोज सिंह ने कहा कि छानबीन की जा रही है। जांच के बाद मुकदमा दर्ज किया जाएगा।