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Bhadohi News: अस्पताल की इमारतें तनकर खड़ीं, इलाज की सुविधाएं घुटनों पर

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भदोही एमबीएस के पास बनकर तैयार खड़ी एमसीएच विंग। संवाद
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ज्ञानपुर। जिले में स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ाने के तमाम दावों के बीच मरीजों को समुचित उपचार नहीं मिल पा रहा है। 100 बेड का सौ शय्या अस्पताल, 50 बेड का ट्रामा सेंटर और 100 बेड के एमसीएच विंग की बिल्डिंग तनकर खड़ी है, लेकिन सुविधाएं और संसाधन न होने के कारण इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। एमसीएच पर चार साल से ताला लटका है। छह साल से बन रहा सौ शय्या अस्पताल भी सिर्फ ओपीडी चलती है। वहीं, ट्रामा सेंटर केवल मलहम-पट्टी तक सीमित है।
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जिले में सौ शय्या अस्पताल का संचालन 2022 से किया जा रहा है। वहीं, ट्रामा सेंटर का संचालन दो साल पहले से किया जा रहा है। इसी तरह 2022 से ही भदोही एमबीएस के पास 100 बेड का एमसीएच विंग बनकर तैयार है।
इसका संचालन पीपीपी मॉडल से हेरिटेज ग्रुप को करना है। इन तीनों अस्पतालों को मिलाकर 250 बेड हैं। स्वास्थ्य विभाग के तीन बड़े अस्पतालों में दो संचालित तो हैं, लेकिन वहां पर्याप्त सुविधाएं नहीं होने से मरीजों को भर्ती नहीं किया जा रहा है।
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अस्पतालों में संसाधनों की कमी से मरीजों को लाभ नहीं मिल रहा है। ट्रामा सेंटर हाईवे पर स्थित है। यहां दुर्घटना में घायलों को उपचार मिलना चाहिए, लेकिन यहां केवल मरीजों की मलहम-पट्टी कर छोड़ दिया जाता है। अस्पताल में पहुंचने पर सन्नाटा रहता है। वहीं, सौ शय्या अस्पताल बीते छह साल से केवल ओपीडी तक सीमित है। इमरजेंसी की व्यवस्था यहां आज तक शुरू नहीं हो सकी है। मरीजों की भर्ती की बात तो दूर है।
हैंडओवर ही नहीं हुआ एमसीएच विंग : भदोही महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय के बगल में 100 बेड का अस्पताल पीपीपी मॉडल पर संचालित होना है। हेरिटेज ग्रुप को इसका संचालन कराना है। हेरिटेज की ओर से सुझाए गए 32 मानकों को स्वास्थ्य विभाग ने पूरा कर लिया है, लेकिन वह केंद्र की हरी झंडी मिलने का इंतजार कर रहा है।
सौ शय्या अस्पताल में चार बेड, 96 बेड गोदाम में
निर्माण कार्य से ही भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ी, सौ बेड के सौ शय्या अस्पताल में केवल चार बेड लगे हैं। 96 बेड गोदाम की शोभा बढ़ा रहे हैं। यह अस्पताल चार साल से संचालित हो रहा है, लेकिन अभी तक ओपीडी के आगे नहीं बढ़ सका है। सिर्फ ओपीडी तक व्यवस्थाएं सीमित हैं। यहां डॉक्टर और कर्मचारियों का टोटा है। सीएमएस डॉ. एसके पासवान ने बताया कि यहां की बिल्डिंग अभी निर्माणाधीन है। इनडोर शुरू होने के बाद सारे बेड लगाए जाएंगे।
हैंडओवर के फेर में फंसा एमसीएच
भदोही महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय के बगल में 100 बेड का अस्पताल पीपीपी मॉडल पर संचालित होना है। हेरिटेज ग्रुप को इसका संचालन कराना है। हेरिटेज की ओर से सुझाए गए 32 मानकों को स्वास्थ्य विभाग ने पूरा कर लिया है, लेकिन वह केंद्र की हरी झंडी मिलने का इंतजार कर रहा है।
अस्पताल
संचालन
बेड
उपचार
सौ शय्या
2022
100
450-500, केवल ओपीडी
ट्रामा सेंटर
2024
50
15 से 20, केवल मलहम-पट्टी
एमसीएच
नहीं
100
नहीं
सौ शय्या अस्पताल निर्माणाधीन है, जहां ओपीडी चलती है। भदोही का एमसीएच विंग अस्पताल का संचालन अभी नहीं हो रहा है। ट्रामा सेंटर में जो मरीज जाते हैं, उन्हें भर्ती किया जाता है। यदि मरीज भर्ती नहीं हो रहे हैं तो प्रभारी से जवाब मांगा जाएगा। - डॉ. एसके चक, सीएमओ भदोही
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