फैक्ट्री के पीछे कालीन कारखाने में कालीन की बुनाई कर रहे बंगाल के 9 कालीन बुनकर भी काल के गाल में समा गए थे। चार लोग घायल हो गए थे। विपक्षी दलों ने मुआवजे की मांग उठाई थी। अब एनएचआरसी की ओर से विस्फोट में मरने वाले के परिजनों व घायलों को मुआवजा देने की तैयारी पूरी हो चुकी है।
जल्द मुआवजा देने के लिए पुलिस ने कार्यवाही शुरू कर दी है। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की ओर से मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख और घायलों को 2-2 लाख रुपये मुआवजा दिया जाएगा। मृतकों के परिजनों की तस्दीक की जा रही है, ताकि उन्हें मुआवजा जल्द मिल सकें।