जानलेवा हो चुकी ठंड का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। लगातार गिरते पारे के चलते सोमवार को 60 से अधिक लोग अस्पताल पहुंच गए।
इनमें कोल्ड डायरिया और उल्टी-दस्त से पीड़ित 12 लोग अकेले जिला अस्पताल में भर्ती कराए गए। जिले के निजी नर्सिंग होम और अस्पताल भी मरीजों की भीड़ से पटे रहे।जिला अस्पताल की ओपीडी में रिकार्ड 1023 पर्चियां कटीं।
सोमवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों की भारी भीड़ उमड़ी। दवा और चिकित्सकीय परामर्श लेने के लिए सुबह से लेकर शाम तक मरीजों और तीमारदारों की भीड़ लगी रही।
ओपीडी में सोमवार को 1023 पर्चियां कटीं। सामान्य दिनों में यह आंकड़ा छह से सात सौ के इर्द-गिर्द रहता है। लेकिन, ठंड के बढ़ते प्रकोप के चलते लोग झटपट बीमार होकर अस्पताल की राह पकड़ रहे हैं।
अकेले जिला अस्पताल में 12 मरीज भर्ती कराए गए। इसी तरह भदोही, सुरियावां, अभोली, डीघ और औराई समेत सभी सरकारी अस्पतालों पर ठंड से पीड़ित मरीजों की भीड़ लगी रही। दवा की दूकानों पर भी मरीजों की भारी भीड़ रही।
चिकित्सकों के मुताबिक इन दिनों ज्यादातर मरीज कोल्ड डायरिया और उल्टी-दस्त से पीड़ित होकर उनके पास पहुंच रहे हैं। चिकित्सकों ने ठंड से बचने की सलाह सलाह दी।
कहा कि ठंड का असर ज्यादा होने पर ब्लड प्रेशर बढ़ने और निमोनिया होने का खतरा रहता है।
डॉ. प्रदीप कुमार ने कहा कि उपचार से बेहतर है कि ठंड से बचाव कर लिया जाए।