ज्ञानपुर। मुख्य विकास अधिकारी डॉ. शिवाकांत द्विवेदी की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में गोआश्रय स्थलों की समीक्षा बैठक हुई। इसमें आश्रय स्थलों पर सुविधाएं बेहतर करने, सरकारी जमीनों को अतिक्रमण मुक्त कराकर हरे चारे की बोआई करने पर जोर दिया गया।
उन्होंने तीनों एसडीएम और बीडीओ को निर्देश दिया कि हर ब्लॉक में एक बड़ा गो संरक्षण केंद्र स्थापित करने के लिए एक हेक्टेयर भूमि उपलब्ध कराएं। गोआश्रय स्थलों में संरक्षित गोवंश के लिए हरा चारा उगाने के लिए सरकारी जमीन को अतिक्रमणमुक्त कराएं।
भूसा टेंडर के माध्यम से भूसा क्रय करने के लिए जिला स्तर पर कमेटी गठन पर बल दिया। गोआश्रय स्थल में संरक्षित समस्त गोवंशो के भरण पोषण के लिए समय से डिमांड अपलोड कराने, गोआश्रय स्थलों में ग्राम पंचायत निधि से सोलर लाइट लगवाने, वहां तक जाने वाले मार्ग को दुरूस्त कराने के लिए कहा।
मुख्यमंत्री निराश्रित गोवंश सहभागिता योजना में आवंटित लक्ष्य को पूर्ण करने के लिए इच्छुक पशुपालकों को गोवंश की सुपुदर्गी कराएं। पोषण योजना के तहत गरीब परिवारों को आठ से नौ माह की गर्भवती गोवंश को उपलब्ध कराएं। सीडीओ ने कहा कि मृतक पशुओं का शव निस्तारण व्यवस्थित तरीके कराएं साथ ही साफ सफाई, पानी, पशुओं के लिए हरा चाराकी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इस मौके पर उपायुक्त मनरेगा राजाराम, डीडीओ ज्ञान प्रकाश, बीएसए भूपेंद्र नारायण सिंह, डीडी कृषि अश्वनी सिंह आदि रहे।