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सुबह 11:15 बजे डॉक्टर ने जांच लिखी, 11:20 बजे लैब पहुंची महिला, कर्मियों ने कहा- देरी हो गई अब कल आना

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जिला अस्पताल में खुन जांच कराने के लिए लगी भीड़। संवाद
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ज्ञानपुर। महाराजा चेतसिंह जिला अस्पताल ज्ञानपुर और 100 शैय्या अस्पताल में इन दिनों जांच की व्यवस्था चरमरा गई है। स्वास्थ्य विभाग ने मरीजों की सुविधा के लिए छह महीने पहले जांच के लिए सैंपल देने के तीन घंटे बाद पंजीकृत मोबाइल नंबर पर रिपोर्ट भेजने की सुविधा शुरू की थी। जो व्यवस्था अब ध्वस्त हो चुकी है। हाल यह है कि डॉक्टर को दिखाने के बाद जांच के लिए सैंपल देने के बाद मरीज और तीमारदार तीन घंटे तक इंतजार करते हैं। फिर लैब की ओर से जानकारी दी जाती है कि रिपोर्ट कल आएगी। इधर, मरीज इस उम्मीद में रहते हैं कि रिपोर्ट आने के बाद डॉक्टर को दिखा लेंगे। दोबारा डॉक्टर को रिपोर्ट दिखाने के लिए अस्पताल नहीं आना होगा। मौसम में उतार चढ़ाव होने से जिला अस्पताल में इन दिनों ओपीडी में भीड़ बढ़ी है।
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जान-पहचान है तो 11:30 बजे तक लिए जाते हैं सैंपल
जिला अस्पताल में सुबह 11.30 बजे तक सैंपल लिए जाने का नियम बनाया गया है। लैब में कुछ स्वास्थ्यकर्मी जानबूझकर मरीजों को वापस कर देते हैं। कुछ ऐसा ही हाल सौ शय्या अस्पताल का है। यहां सुबह नौ बजे लैब खुलता है। सुबह 9:15 बजे से सैंपल लेने का काम शुरू होता है। इसके बाद जांच की प्रकिया शुरू होती है। 11 बजे के बाद सैंपल नहीं लिया जाता है। यदि कोई जान-पहचान है तो सुबह 11.30 बजे तक सैंपल ले लिया जाता है।


पहले दोपहर 12:30 बजे तक लिए जाते थे सैंपल जिला अस्पताल में हर दिन ओपीडी में लगभग 800 मरीज आते हैं। एक हजार से अधिक जांच की जाती है। करीब चार महीने पहले दोपहर 12.30 बजे तक सैंपल लिए जाते थे। अब 11:20 बजे तक ही सैंपल लिए जाते हैं। फिर भी समय से मरीजों को रिपोर्ट नहीं मिलती है। जिला अस्पताल में सरकारी और संविदाकर्मियों को मिलाकर आठ लैब टेक्निशियन हैं। फिर भी लापरवाही देखने को मिलती है।
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मरीजों की समस्या
सुबह 11:15 बजे महिला डॉक्टर ने जांच कराने के लिए पर्चे पर लिखा। लैब पर 11.20 बजे पहुंची। काउंटर पर बिना सैंपल लिए ही लौटा दिया गया। काउंटर पर तैनात कर्मियों ने कहा कि कल आना, आज देर हो गया है।
- लक्ष्मी निवासी गोपीगंज
डॉक्टर के परामर्श के अनुसार सुबह लगभग 10 बजे जांच के लिए सैंपल दिया था। चार घंटे बीत गए। अब दो बजने को है। अभी तक रिपोर्ट नहीं आई है। पूछने पर बताया गया कि कल रिपोर्ट मिलेगी। अब डॉक्टर भी ओपीडी से उठ गए हैं। अब कल फिर आना पड़ेगा। - मुन्नू निवासी भिदिऊरा



ऐसा नहीं होना चाहिए। यदि इस तरह की अस्पताल में लापरवाही हो रही है तो सीएमएस से जवाब मांगेंगे। बातचीत करके व्यवस्था ठीक कराएंगे। बहुत से मरीज मोबाइल नंबर पर्चे पर नहीं लिखवाते हैं, इस कारण रिपोर्ट मोबाइल पर नहीं आती है। - डॉ. एसके चक, सीएमओ, भदोही
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