यातायात माह खत्म होते ही नियमों का टूटना शुरू हो गया है। जहां तमाम लोग यातायात नियमों को भूलकर वाहन चला रहे हं,ै वहीं सुरक्षा को भी नजर अंदाज किया जा रहा है। यातायात नियमों को भूलने वालों में वे पुलिस कर्मी भी शामिल हैं, जिन्होंने बीते नवंबर में यातायात माह मनाते हुए नियमों के प्रति लोगों को जागरूक करने का काम किया।
बुधवार को अमर उजाला टीम ने नगर के कुछ स्थानों पर यातायात नियमों की स्थिति का जायजा लिया। गोपीगंज नगर के छोटा और बड़ा चौराहा, ज्ञानपुर के दुर्गागंज तिराहा, पटेल नगर, ज्ञानपुर-गोपीगंज मार्ग पर पड़ताल की गई तो नियम तार-तार दिखे। कहीं एक बाइक पर तीन लोग सवार दिखे तो कहीं बिना हेलमेट के लोग गंतव्य को जाते दिखे। इसके अलावा ऐसे कई वाहन देखने को मिले, जिन पर तीन से चार सवारियां थीं। यही नहीं, कुछ पुलिस के जवान भी बिना हेलमेट के बाइक पर फर्राटा भरते दिखे। यातायात प्रभारी शशिकांत यादव ने बताया कि यातायात माह में जिले भर में जागरूकता कार्यक्रम हुए। इसके तहत गोष्ठी, कार्यशाला सहित अन्य आयोजन किए गए। अभियान में 11 हजार से अधिक दो व चार पहिया वाहनों का चालान किया गया। अभी भी लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
11.57 लाख शमन शुल्क वसूल
ज्ञानपुर। यातायात माह में तेज गति, मोबाइल पर बात करते समय वाहन चलाने, हेलमेट न लगाने, सीट बेल्ट का इस्तेमाल न करने वालों पर जमकर कार्रवाई हुई। यातायात विभाग के आंकड़ों के अनुसार हेलमेट न लगाने पर 11 हजार 70 वाहनों पर पांच लाख 52 हजार का शमन शुल्क लगाया गया। बुलेट में प्रेशर हार्न और गलत साइलेंसर लगवाने पर 39 वाहनों का चालान किया गया। तेज गति से वाहन चलाने पर चार और वाहन चलाते समय मोबाइल पर बात करने पर 48 का चालान किया गया। यातायात प्रभारी शशिकांत ने बताया कि यातायात माह में कुल 15 हजार 245 वाहनों का चालान किया गया और 11.57 लाख रुपये शमन शुल्क वसूल किया गया।