ज्ञानपुर (भदोही)।
बाजार में दिवाली की खरीदारी के लिए भारी भीड़ उमड़नी शुरू हो गई है लेकिन पटाखों और पेंट की बिक्री के मामले में महंगाई का असर दिख रहा है। पटाखों के दाम में 30 से 50 फीसदी तक तो पेंट के दाम 10 से 15 फीसदी बढ़ गए हैं। इसको लेकर आम उपभोक्ताओं की मुश्किलें और जटिल हो गई है।
स्वच्छता एवं दीपदान के प्रमुख पर्व दिवाली के पूर्व लोग घरों की सफाई कर धनतेरस और दिवाली को पूजा करते हैं। खुशियां मनाने के लिए रात में आतिशबाजी भी की जाती है। पूर्व के वर्षों की तरह इस साल भी महंगाई की आग में उपभोक्ताओं को एक बार फिर झुलसना पड़ेेगा। खुशी के पर्व दिवाली पर महंगाई रूपी बम फूटने से लोग आहत हैं। सामान्य जरूरी सामानों से लेकर पटाखा, पेंट आदि के सामान में बेतहाशा वृद्धि से लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पटाखा व्यापारी मो. फारूख ने बताया कि बड़े शहरों से ही सामान की कीमत अधिक हो गई है। जीएसटी लगने से पटाखों के दाम में 10 से 15 फीसदी बढ़ोतरी हो गई है। पेंट व्यापारी विजय जायसवाल ने कहा कि नेरोलेक, एशियन, फेविकोल, चूना, ब्रश, डिस्टेंपर, प्लास्टिक पेंट समेत अन्य जरूरी सामान सामान्य रूप से महंगे हुए थे लेकिन 28 फीसदी जीएसटी लगने से महंगाई उपभोक्ताओं के समझ में आने लगी है। जो पेंट 250 से 300 रुपये में मिल रहा था, वह 350 से लेकर 450 तक पहुंच गया है। बालू खनन न होने से नए घर नहीं बन सके। सका भी असर दिवाली की खरीदारी पर दिख रहा है। कल्लू गुप्ता ने भी कहा कि जीएसटी से पेंट पर महंगाई का असर दिख रहा है।
किचन का बजट भी बिगड़ा
ज्ञानपुर। दिवाली से पहले सब्जियों में भी आग लग गई है। फूलगोभी, भिंडी, टमाटर समेत अन्य सब्जी के दाम पांच से 10 फीसदी बढ़ गए हैं। इससे आम लोगों के कीचन का बजट भी बिगड़ गया है।
चरम पर मिलावट का कारोबार
ज्ञानपुर। दिवाली से पूर्व मिठाई के सामग्रियों में मिलावट का कारोबार चरम पर पहुंच गया है। नकली खोवा और छेना की खेप जगह-जगह रखी जा रही हैं। दिवाली से दो दिन पूर्व उसे बाजारों में धड़ल्ले से बेचा जाएगा। खाद्य एवं औषधीय प्रशासन विभाग की उदासीनता से ज्ञानपुर, गोपीगंज, औराई, भदोही और सुरियावां समेत अन्य नगरों में मिलावटी मिठाई बिकने लगी है।